गढ़वा जिले के बरडीहा प्रखंड की ओबरा पंचायत अंतर्गत बभनी गांव के केरकी टोला में वर्षों से चली आ रही आवागमन की समस्या के समाधान की दिशा में पहल हुई है। प्रशासन और ग्रामीणों की सहमति के बाद करीब दो किलोमीटर रास्ते से मेड़ हटाकर आवाजाही के लिए मार्ग तैयार किया गया। नदी और पहाड़ के बीच बसे इस टोले के चारों ओर निजी जमीन और मेड़बंदी के कारण सुगम रास्ता उपलब्ध नहीं था।
रास्ते से जुड़ा विवाद सुलझाने के लिए प्रखंड विकास पदाधिकारी प्रवीण कुमार सिंह गुरुवार सुबह बभनी गांव पहुंचे। बभनी मोड़ पर 50 से अधिक ग्रामीण उनकी प्रतीक्षा कर रहे थे। इससे पहले भी रैयती जमीन और मेड़बंदी के विषय पर कई दौर की बैठकें हुई थीं, लेकिन पक्षों के बीच सहमति नहीं बनने से मार्ग नहीं खोला जा सका था।
प्रखंड विकास पदाधिकारी और थाना प्रभारी राहुल सिंह के नेतृत्व में मौके पर लगभग 150 से 200 ग्रामीणों के साथ बैठक की गई। बातचीत के बाद ग्रामीण रास्ता खोलने पर सहमत हुए। इसके बाद दो जेसीबी और एक ट्रैक्टर की सहायता से मेड़ हटाने का काम शुरू किया गया। करीब चार घंटे में दो किलोमीटर लंबे रास्ते का प्रारंभिक स्वरूप तैयार कर दिया गया। वहां मिट्टी, मोरम और गिट्टी डालने का काम भी प्रारंभ कराया गया है।
केरकी टोला में सड़क नहीं होने से ग्रामीणों को रोजमर्रा के आवागमन में कठिनाई होती थी। बच्चों के स्कूल आने-जाने पर भी इसका असर पड़ता था। किसी व्यक्ति के बीमार होने पर उसे खटिया पर उठाकर मुख्य सड़क तक ले जाना पड़ता था। बरसात के दिनों में यह परेशानी और बढ़ जाती थी। नया रास्ता खुलने से शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं तक पहुंच आसान होने की उम्मीद है।
प्रखंड विकास पदाधिकारी ने ग्रामीणों को भरोसा दिलाया कि संबंधित योजना के तहत मार्ग पर मिट्टी और मोरम डालने की स्वीकृति दिलाने का प्रयास किया जाएगा। फिलहाल रास्ता खुलने से टोले के लोगों को तत्काल आवागमन की सुविधा मिली है। इसे बेहतर और स्थायी सड़क में बदलने के लिए आगे योजना की स्वीकृति तथा निर्माण कार्य आवश्यक होगा।