झारखंड में सड़कों और मोहल्लों के नामकरण को लेकर नई नियमावली लागू होने की खबर है। प्रकाशित जानकारी के अनुसार, अब ऐसे नाम तय करने का अधिकार नगर विकास विभाग के पास होगा। यह फैसला शहरी क्षेत्रों में नामकरण की प्रक्रिया को अधिक व्यवस्थित बनाने से जुड़ा माना जा रहा है।
मीडिया रिपोर्ट में बताया गया है कि सड़क या मोहल्ले का नाम तय करने का अधिकार नगर विकास विभाग ही इस्तेमाल कर सकेगा। यानी स्थानीय स्तर पर नामकरण से जुड़े प्रस्तावों या मांगों पर अंतिम निर्णय विभागीय प्रक्रिया के तहत लिया जाएगा।
यह विषय आम लोगों से सीधे जुड़ा है, क्योंकि सड़क और मोहल्लों के नाम पते, पहचान, सरकारी दस्तावेजों, नगर निकायों के रिकॉर्ड और रोजमर्रा की आवाजाही में इस्तेमाल होते हैं। नई नियमावली से नामकरण के मामलों में एक तय प्रशासनिक व्यवस्था बनने की उम्मीद की जा सकती है, हालांकि उपलब्ध सूचना में नियमों की विस्तृत शर्तें नहीं दी गई हैं।
अभी सामने आई जानकारी में यह स्पष्ट नहीं है कि पुराने नामों की समीक्षा कैसे होगी या नए नामों के प्रस्ताव किस स्तर से भेजे जाएंगे। इसलिए इस रिपोर्ट को फिलहाल नियमावली और विभागीय अधिकार से जुड़ी शुरुआती सूचना के रूप में ही देखा जाना चाहिए।
झारखंड के शहरी निकायों में सड़क और मोहल्लों के नामकरण को लेकर समय-समय पर स्थानीय मांगें उठती रही हैं। नई व्यवस्था के बाद ऐसे मामलों में नगर विकास विभाग की भूमिका केंद्रीय रहेगी। आगे विभाग की विस्तृत अधिसूचना या प्रक्रिया सामने आने पर नामकरण से जुड़े व्यावहारिक पहलू और स्पष्ट होंगे।