देवघर में शौर्य संपर्क मेला संपन्न, उपराष्ट्रपति ने सैनिक परिवारों के त्याग को किया याद

दर्दमारा में आयोजित दो दिवसीय शौर्य संपर्क मेला और मेडिकल कैंप के समापन समारोह में उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन ने सैनिकों, पूर्व सैनिकों तथा उनके परिवारों के योगदान के प्रति कृतज्ञता जताई।

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देवघर के शौर्य संपर्क मेले में उपस्थित उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन

देवघर के दर्दमारा स्थित बाबा बैद्यनाथ मेडिकल ट्रस्ट के पीडी हिंदुजा अस्पताल परिसर में शनिवार को दो दिवसीय शौर्य संपर्क मेला सह मेडिकल कैंप संपन्न हुआ। समापन समारोह में उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। उन्होंने चिकित्सा शिविर, सेवा गतिविधियों और भारतीय सेना के हथियारों की प्रदर्शनी का अवलोकन किया।

उपराष्ट्रपति ने सैनिकों, पूर्व सैनिकों, वीर नारियों और उनके परिवारों के प्रति देश की कृतज्ञता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि सीमा पर तैनात सैनिक के साथ उसका परिवार भी जिम्मेदारियां और त्याग साझा करता है। उनके अनुसार, सैनिकों तथा उनके परिजनों के कल्याण के प्रति समाज और सरकार की प्रतिबद्धता निरंतर बनी रहनी चाहिए।

अपने संबोधन में उन्होंने झारखंड और संताल परगना की देशभक्ति तथा संघर्ष की परंपरा का उल्लेख किया। उन्होंने बिरसा मुंडा, तिलका मांझी, सिदो-कान्हू और नीलांबर-पीतांबर के योगदान को याद किया। परमवीर चक्र से सम्मानित लांस नायक अल्बर्ट एक्का के साहस को भी उन्होंने देश के लिए प्रेरणास्रोत बताया।

उपराष्ट्रपति ने पूर्व सैनिकों और उनके आश्रितों के कल्याण से जुड़ी व्यवस्थाओं की चर्चा करते हुए वन रैंक वन पेंशन तथा सिंगल विंडो प्रणाली का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि पूर्व सैनिकों के अनुभव से युवा पीढ़ी सीख सकती है और उनका नेतृत्व राष्ट्र निर्माण में उपयोगी भूमिका निभा सकता है।

उन्होंने सैन्य संपर्क मेले और मेडिकल कैंप के आयोजन के लिए भारतीय सेना, बाबा बैद्यनाथ मेडिकल ट्रस्ट के सहयोगियों और गोड्डा सांसद डॉ. निशिकांत दुबे के प्रयासों की सराहना की। उपराष्ट्रपति ने इस आयोजन को क्षेत्र के सैनिकों और उनके परिवारों के प्रति सामूहिक सम्मान व्यक्त करने का माध्यम बताया।

समारोह में सांसद डॉ. निशिकांत दुबे ने संताल परगना में चिकित्सा शिक्षा और स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार की आवश्यकता रखी। उन्होंने कहा कि गोड्डा, पाकुड़ और साहिबगंज जैसे जिलों में मेडिकल कॉलेज स्थापित किए जाने की जरूरत है। उन्होंने देवघर की संपर्क सुविधाओं का उल्लेख करते हुए क्षेत्र में विकास कार्यों को आगे बढ़ाने पर भी जोर दिया।