पश्चिम बंगाल में आत्मसमर्पण के बाद सचिन, मीता और बुलू को झारखंड लाने की तैयारी

पूर्वी सिंहभूम के विभिन्न थानों में दर्ज मामलों में पूछताछ के लिए झारखंड पुलिस सचिन, मीता और बुलू को कानूनी प्रक्रिया के तहत राज्य लाने की तैयारी कर रही है।

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पूर्वी सिंहभूम में लंबे समय तक नक्सली गतिविधियों से जुड़े रहे सचिन उर्फ राम प्रसाद मार्डी, उसकी पत्नी मीता उर्फ नयनतारा और बुलू के पश्चिम बंगाल के बांकुड़ा में आत्मसमर्पण के बाद झारखंड पुलिस उन्हें राज्य लाने की तैयारी कर रही है। तीनों ने हथियार के साथ आत्मसमर्पण किया है। पुलिस पूर्वी सिंहभूम में दर्ज मामलों में उनसे पूछताछ करना चाहती है।

मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, सचिन पर 15 लाख रुपये, मीता पर 10 लाख रुपये और बुलू पर दो लाख रुपये का इनाम घोषित था। पुलिस सूत्रों के हवाले से बताया गया है कि उनके खिलाफ घाटशिला, गालूडीह, एमजीएम, पोटका और बोड़ाम थाना क्षेत्रों में कई मामले दर्ज हैं। इनमें बाघुड़िया और बुरुडीह से जुड़े मामले भी शामिल बताए गए हैं।

तीनों के विरुद्ध दर्ज मामलों की संख्या करीब 75 से 80 बताई जा रही है। पूर्वी सिंहभूम पुलिस अब इन मामलों में उनकी कथित भूमिका और लंबित कार्रवाई का ब्योरा जुटा रही है। इसके बाद संबंधित मामलों में उन्हें रिमांड पर लेने या पूछताछ के लिए झारखंड लाने की आगे की प्रक्रिया शुरू होने की संभावना है।

सुरक्षा एजेंसियां पुराने मामलों की फाइलें भी खंगाल रही हैं। पुलिस को उम्मीद है कि पूछताछ से क्षेत्र में सक्रिय रहे नक्सली नेटवर्क, स्थानीय संपर्कों, हथियारों की उपलब्धता और पुराने कांडों से जुड़े पहलुओं की जानकारी मिल सकती है। हालांकि, इन विषयों पर स्थिति पूछताछ और जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।

इस मामले में झारखंड पुलिस को पश्चिम बंगाल में हुए आत्मसमर्पण के बाद निर्धारित कानूनी प्रक्रिया पूरी करनी होगी। आगे की कार्रवाई संबंधित मामलों के अभिलेख, अदालत की प्रक्रिया और दोनों राज्यों की पुलिस के बीच आवश्यक समन्वय पर निर्भर करेगी। फिलहाल पूर्वी सिंहभूम पुलिस जरूरी विवरण एकत्र कर रही है।

इससे पहले 2017 में सांसद हत्याकांड के मुख्य शूटर बताए गए रंजीत पाल उर्फ राहुल और उसकी नक्सली पत्नी झरना ने कोलकाता पुलिस मुख्यालय में हथियार के साथ आत्मसमर्पण किया था। रिपोर्ट के मुताबिक, झारखंड पुलिस उस समय दोनों को यहां नहीं ला सकी थी। इसी पृष्ठभूमि में मौजूदा मामले की कानूनी और पुलिस कार्रवाई पर नजर बनी हुई है।