पूर्वी सिंहभूम के मुसाबनी में 15 नवंबर को झारखंड स्थापना दिवस, धरती आबा भगवान बिरसा मुंडा की जयंती और झारखंड आंदोलनकारियों के सम्मान में कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। आदिवासी एकता युवा संगठन की शनिवार को हुई बैठक में आयोजन की रूपरेखा और तैयारियों पर विचार किया गया।
बैठक में संगठन के सदस्यों ने कार्यक्रम को व्यापक स्वरूप देने का निर्णय लिया। प्रस्तावित समारोह में झारखंड राज्य के निर्माण के लिए चले आंदोलन में योगदान देने वाले आंदोलनकारियों को सम्मानित किया जाएगा। आयोजन के माध्यम से उनके संघर्ष और भूमिका को सामने रखने की योजना है।
संगठन ने भगवान बिरसा मुंडा के संघर्ष और विचारों को अधिक लोगों तक पहुंचाने को भी कार्यक्रम का प्रमुख उद्देश्य बताया। बैठक में आदिवासी समाज की एकता के साथ उसकी संस्कृति और पहचान को मजबूत करने से जुड़े विषयों पर चर्चा की गई।
सदस्यों ने सामाजिक, शैक्षणिक और आर्थिक विकास के लिए संगठित प्रयास, आपसी सहयोग तथा सामूहिक भागीदारी की जरूरत पर जोर दिया। संगठन का कहना है कि युवाओं को एक साझा मंच से जोड़कर सामाजिक जागरूकता बढ़ाने और समाजहित में सकारात्मक पहल करने का प्रयास किया जाएगा।
बैठक में बिरसा मार्डी, शिवा मार्डी, सागुन सोरेन, बबलू सोरेन, विकास हेंब्रम और संदीप हांसदा समेत संगठन के अन्य सदस्य उपस्थित थे। प्रतिभागियों ने समारोह की तैयारियों में मिलकर काम करने और अधिक लोगों की भागीदारी सुनिश्चित करने का संकल्प लिया।
आयोजन से पहले कार्यक्रम के स्वरूप और विभिन्न तैयारियों को अंतिम रूप देने का काम किया जाएगा। संगठन ने समाज के लोगों, युवाओं और झारखंड आंदोलन के समर्थकों से 15 नवंबर को होने वाले समारोह में भागीदारी की अपील की है।