रांची में मंगलवार को अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई के दौरान स्थानीय लोगों ने विरोध प्रदर्शन किया। कार्रवाई सैटेलाइट चौक से राजद कार्यालय तक रांची नगर निगम और एचईसी की जमीन पर किए गए कथित अतिक्रमण के विरुद्ध की जा रही थी। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, एक दर्जन से अधिक घर तोड़े जाने के बाद बड़ी संख्या में लोग सड़क पर उतर आए।
कार्रवाई से प्रभावित परिवार घरों से घरेलू सामान निकालकर सुरक्षित स्थान पर पहुंचाते दिखे। प्रदर्शन कर रहे लोगों ने जेसीबी को घेर लिया और कुछ लोग मशीन पर चढ़ गए। मौके पर तैनात पुलिसकर्मियों ने उन्हें नीचे उतारने तथा स्थिति नियंत्रित करने का प्रयास किया। इस दौरान पुलिस और स्थानीय लोगों के बीच कहासुनी भी हुई।
प्रदर्शन का असर बाईपास रोड के यातायात पर पड़ा। सैटेलाइट चौक से राजद कार्यालय की ओर जाने वाली सड़क पर भीड़ जमा होने से वाहनों की आवाजाही बाधित हुई और दोनों तरफ लंबी कतार लग गई। प्रदर्शनकारियों ने सरकार के खिलाफ नारे लगाए और अभियान रोकने की मांग की। यातायात सामान्य कराने के लिए पुलिस को मशक्कत करनी पड़ी।
सूचना मिलने पर हटिया विधायक नवीन जायसवाल मौके पर पहुंचे। उन्होंने बारिश के मौसम में मकान हटाए जाने का विरोध करते हुए कहा कि कार्रवाई से पहले प्रभावित परिवारों की परिस्थितियों और समस्याओं पर विचार होना चाहिए। भाजपा के अन्य नेताओं ने भी घटनास्थल पर पहुंचकर लोगों से बातचीत की।
स्थानीय पार्षद नीलम गुप्ता भी विरोध प्रदर्शन में शामिल हुईं। उन्होंने प्रभावित परिवारों के पुनर्वास और रहने की व्यवस्था का प्रश्न उठाया। पार्षद ने कार्रवाई के पीछे फाइव स्टार होटल की योजना होने का आरोप भी लगाया, लेकिन इसकी कोई आधिकारिक पुष्टि सामने नहीं आई है। उपलब्ध विवरण में नगर निगम या एचईसी की ओर से इन आरोपों पर प्रतिक्रिया का उल्लेख नहीं है।