ऑलचिकी लिपि के शताब्दी वर्ष पर संथाली प्रतिभा खोज परीक्षा, 348 प्रतिभागी हुए शामिल

राजनगर और घाटशिला के दो केंद्रों पर आयोजित संथाली प्रतिभा खोज परीक्षा में झारखंड समेत चार राज्यों के प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया। परिणाम 10 सितंबर को जारी होगा।

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सरायकेला-खरसावां जिले के राजनगर और पूर्वी सिंहभूम के घाटशिला में रविवार को संथाली प्रतिभा खोज परीक्षा आयोजित की गई। ऑलचिकी लिपि के 100 वर्ष पूरे होने के अवसर पर हुई इस परीक्षा में पंजीकृत 355 प्रतिभागियों में से 348 शामिल हुए। आयोजन का उद्देश्य नई पीढ़ी में संथाली भाषा, संस्कृति और पारंपरिक व्यवस्था के प्रति जागरूकता बढ़ाना बताया गया है।

सोशियो इकोनॉमी एंड रिसर्च सेंटर के तत्वावधान में परीक्षा के लिए राजनगर स्थित आरसीएम पब्लिक स्कूल और घाटशिला कॉलेज में केंद्र बनाए गए थे। घाटशिला केंद्र पर पंजीकृत 200 परीक्षार्थियों में से 195 ने परीक्षा दी, जबकि राजनगर में 155 में से 153 प्रतिभागी उपस्थित रहे। दोनों केंद्रों पर परीक्षा शांतिपूर्ण और व्यवस्थित ढंग से संपन्न हुई।

प्रतियोगिता में झारखंड के साथ असम, पश्चिम बंगाल और ओडिशा के विभिन्न जिलों से भी प्रतिभागी पहुंचे। आयोजकों के अनुसार, ऑलचिकी लिपि के शताब्दी वर्ष को यादगार बनाने और विद्यार्थियों को संथाली भाषा तथा सांस्कृतिक विरासत से जोड़ने के लिए यह पहल की गई। संस्था ने इस प्रतिभा खोज परीक्षा को अब हर वर्ष आयोजित करने की बात कही है।

परीक्षा का परिणाम 10 सितंबर 2026 को जारी किया जाएगा। सफल प्रतिभागियों के लिए 13 सितंबर को राजनगर में पुरस्कार वितरण एवं सम्मान समारोह आयोजित करने की तैयारी है। पहले तीन स्थान पाने वाले विद्यार्थियों को साइकिल देने की घोषणा की गई है।

चौथे से दसवें स्थान तक आने वाले प्रतिभागियों को स्टडी टेबल, 11वें से 15वें स्थान तक स्कूल बैग और 16वें से 20वें स्थान तक लंच बॉक्स दिया जाएगा। सभी सफल प्रतिभागियों को प्रमाणपत्र भी प्रदान किए जाएंगे। पुरस्कारों की अलग-अलग श्रेणियां परीक्षा में बेहतर प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों के लिए निर्धारित की गई हैं।

राजनगर में प्रस्तावित समारोह के दौरान समाज के बुद्धिजीवियों और समाजसेवियों के साथ शिक्षा के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाले शिक्षकों को भी सम्मानित किया जाएगा। दोनों परीक्षा केंद्रों पर सहायक परीक्षा नियंत्रकों और वीक्षकों ने संचालन की जिम्मेदारी संभाली।