धनबाद में भू-धंसान के कारण बंद केंदुआडीह-धनबाद मुख्य सड़क पर दुर्गा पूजा से पहले हल्के वाहनों का परिचालन शुरू करने की तैयारी है। जिला विकास समन्वय एवं निगरानी समिति की बैठक में उपायुक्त ने दोपहिया और चारपहिया वाहनों के लिए सड़क खोलने का आश्वासन दिया। यह मुद्दा सांसद ढुलू महतो और विधायक राज सिन्हा ने बैठक में उठाया था।
समाहरणालय में सांसद ढुलू महतो की अध्यक्षता में बुधवार को हुई बैठक में 100 से अधिक विकास योजनाओं की समीक्षा की गई। जनप्रतिनिधियों ने समिति की बैठक नियमित रूप से नहीं होने पर नाराजगी जताई। उनका कहना था कि प्रत्येक तीन महीने में होने वाली बैठक करीब डेढ़ वर्ष बाद आयोजित की गई और पिछली बैठक में उठाए गए अधिकतर विषयों पर काम नहीं हुआ। उपायुक्त ने आगे से बैठक नियमित कराने का भरोसा दिया।
सड़क व्यवस्था की समीक्षा के दौरान प्रशासन ने दुर्गा पूजा से पहले प्रमुख जर्जर मार्गों की मरम्मत कराने की बात कही। उपायुक्त के अनुसार बलियापुर रोड और मनईटांड़ समेत प्रमुख खराब सड़कों को अगले सात से दस दिनों में दुरुस्त किया जाएगा। गोविंदपुर सहित महत्वपूर्ण मार्गों से अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई भी जारी है।
नगर निगम क्षेत्र की एक सड़क की मरम्मत एसीबी जांच के कारण लंबित होने का विषय भी बैठक में आया। एसएसपी प्रभात कुमार ने कहा कि मरम्मत के लिए एसीबी से अनापत्ति प्रमाणपत्र प्राप्त करने का प्रयास किया जाएगा। गोविंदपुर में यातायात सुचारु रखने के लिए 32 स्वयंसेवकों की सहायता लेने की जानकारी दी गई।
जल जीवन मिशन की समीक्षा में पांच से छह बड़ी परियोजनाएं संवेदकों की लापरवाही के कारण लंबित मिलीं। उपायुक्त ने बताया कि काम में शिथिलता बरतने वाले संवेदकों के अनुबंध रद्द करने की अनुशंसा राज्य सरकार को भेजी गई है। सरकारी प्रक्रिया पूरी होने के बाद इन कार्यों को नए संवेदकों को सौंपकर पेयजल आपूर्ति का काम तेज करने की योजना है।
बैठक में जिला परिषद अध्यक्ष शारदा सिंह, चिरकुंडा नगर परिषद अध्यक्ष सुनीता देवी और विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे। समीक्षा का मुख्य जोर लंबित योजनाओं, सड़क मरम्मत, यातायात व्यवस्था और पेयजल परियोजनाओं पर रहा। केंदुआडीह मार्ग पर परिचालन शुरू होने की समयसीमा फिलहाल प्रशासन की ओर से दिए गए आश्वासन पर आधारित है।