सरायकेला-खरसावां जिले के खरसावां राजमहल परिसर में क्षत्रिय युवा मंच का विजयादशमी मिलन समारोह आयोजित हुआ। कार्यक्रम में अलग-अलग गांवों से आए अभिभावकों और मंच के सदस्यों ने हिस्सा लिया। समारोह का मुख्य विषय समाज में आपसी एकता, सामाजिक समरसता और पारिवारिक सौहार्द को मजबूत करना रहा।
राजमाता विजया देवी की अध्यक्षता में दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम की शुरुआत की गई। उपस्थित लोगों ने शहीद अर्जुन सिंह, राजा श्री रामचंद्र सिंहदेव और दिवंगत टीकायत प्रदीप चंद्र सिंहदेव के चित्रों पर पुष्प अर्पित किए। समाज के अन्य दिवंगत सदस्यों की स्मृति में एक मिनट का मौन भी रखा गया।
बैठक के दौरान बुजुर्गों के अनुभवों से मार्गदर्शन लेने तथा सामाजिक और सांस्कृतिक परंपराओं को नई पीढ़ी तक पहुंचाने की आवश्यकता पर विचार रखा गया। राजा गोपाल नारायण सिंहदेव ने ऐसे आयोजनों को समाज के लोगों के बीच मेलजोल बढ़ाने और युवाओं को सामाजिक मूल्यों से जोड़ने का अवसर बताया।
मंच के अध्यक्ष उमेश सिंहदेव ने शिक्षा, संस्कार, एकजुटता और सामूहिक सहयोग को सामाजिक प्रगति का आधार बताया। उन्होंने परिवारों से एक-दूसरे के सुख-दुख में सहभागी बनने और साझा हितों से जुड़ी जिम्मेदारियां निभाने का आग्रह किया।
समारोह में प्रस्तावित वनभोज सह मिलन कार्यक्रम की तैयारियों पर भी चर्चा हुई। इसके लिए 22 नवंबर को बुरुडीह, संतारी अथवा हांसदा गांव में बैठक करने का निर्णय लिया गया। बैठक का निश्चित स्थान और दूसरी जानकारियां सदस्यों के समूह में साझा की जाएंगी। उसी बैठक में आयोजन की रूपरेखा और सहभागिता पर विचार होगा।
इस अवसर पर संतारी गांव के सरोज आदित्य को गणित विषय में एमएससी की पढ़ाई में स्वर्ण पदक प्राप्त करने के लिए सम्मानित किया गया। मंच ने उन्हें प्रशस्ति पत्र और स्मृति चिह्न प्रदान किया। कार्यक्रम में इसे शिक्षा के क्षेत्र में मिली उल्लेखनीय उपलब्धि के रूप में रेखांकित किया गया।