दुमका शहर में बुधवार को सुबह से रुक-रुक कर हुई बारिश ने जनजीवन प्रभावित किया। निचले इलाकों और कई प्रमुख सड़कों पर पानी जमा होने से लोगों को आवागमन में परेशानी झेलनी पड़ी। बारिश के दौरान बाजारों में सामान्य दिनों की तुलना में कम चहल-पहल दिखाई दी।
शहर के रसिकपुर, दुधानी, कुम्हारपाड़ा, स्टेशन रोड और कॉलेज मोड़ के कई हिस्सों में जलजमाव की स्थिति बनी। कुछ दुकानों में पानी घुसने की बात भी सामने आई है। सब्जी बाजार में ग्राहकों की आवाजाही कम रही, जिससे स्थानीय कारोबार प्रभावित हुआ।
बारिश का असर स्कूल जाने वाले विद्यार्थियों पर भी पड़ा। जलजमाव के बीच कई बच्चे भीगते हुए स्कूल पहुंचे। जिले के कई सरकारी और निजी विद्यालयों में प्रथम आंतरिक परीक्षा चल रही है। बारिश के कारण कुछ विद्यार्थी समय पर परीक्षा केंद्र नहीं पहुंच सके और कई स्कूलों में उपस्थिति कम रही।
दुमका जिले के रामगढ़ प्रखंड में दोपहर के समय तेज बारिश हुई। रामगढ़ बाजार की सड़कों पर पानी जमा होने से आवाजाही बाधित हुई और ग्राहकों की संख्या घट गई। स्थानीय दुकानदारों ने लगातार बारिश के कारण व्यापार पर असर पड़ने और नुकसान की चिंता जताई।
काठीकुंड में सुबह से बारिश के साथ तेज हवा चली, जिससे सड़कों पर लोगों की आवाजाही कम रही। रानेश्वर और सरैयाहाट में बारिश के बाद गर्मी तथा उमस से राहत मिली, हालांकि सड़कों के गड्ढों और नालियों में पानी भरने से राहगीरों को दिक्कत हुई।
रिपोर्ट के अनुसार बंगाल की खाड़ी में बने निम्न दबाव का असर क्षेत्र के मौसम पर दिखाई दिया। ग्रामीण इलाकों में बारिश को खेतों की नमी और धान की फसल के लिए उपयोगी माना जा रहा है। वहीं, तेज हवा के कारण कुछ फसलों को नुकसान पहुंचने की आशंका भी जताई गई है।