दुर्गा पूजा पर पाकुड़ पुलिस अलर्ट, पंडालों में महिला सुरक्षा और आपात इंतजाम के निर्देश

पाकुड़ में दुर्गा पूजा की तैयारियों को लेकर हुई पुलिस समीक्षा बैठक में महिला सुरक्षा, भीड़ प्रबंधन, अग्नि सुरक्षा, यातायात और सोशल मीडिया निगरानी पर विशेष निर्देश दिए गए।

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दुर्गा पूजा की सुरक्षा तैयारियों पर पाकुड़ में समीक्षा बैठक करते पुलिस अधिकारी

पाकुड़ में आगामी दुर्गा पूजा के दौरान शांति और सुरक्षा बनाए रखने के लिए पुलिस ने तैयारियां तेज कर दी हैं। गुरुवार को एसडीपीओ कुमार गौरव ने अपने कार्यालय में मासिक अपराध गोष्ठी सह समीक्षा बैठक की। इसमें अनुमंडल क्षेत्र के पुलिस पदाधिकारियों के साथ लंबित मामलों और पूजा के समय की विधि-व्यवस्था की समीक्षा की गई।

बैठक में छेड़खानी, चोरी और छिनतई जैसी घटनाओं की रोकथाम पर विशेष जोर दिया गया। एसडीपीओ ने भीड़ वाले पूजा पंडालों में सादे कपड़ों में पुलिसकर्मियों को तैनात करने और पर्याप्त संख्या में महिला पुलिस बल की प्रतिनियुक्ति करने का निर्देश दिया। महिलाओं और पुरुषों के लिए अलग-अलग प्रवेश तथा निकास द्वार सुनिश्चित करने को भी कहा गया।

पंडालों में आपात स्थिति से निपटने के लिए अग्निशमन उपकरण, सुरक्षित विद्युत व्यवस्था, पर्याप्त रोशनी, पब्लिक एड्रेस सिस्टम और आपातकालीन निकास मार्ग रखना अनिवार्य बताया गया। प्रत्येक पंडाल में संबंधित पुलिस पदाधिकारी का मोबाइल नंबर प्रदर्शित करने और प्राथमिक उपचार किट उपलब्ध रखने के निर्देश भी दिए गए।

पूजा समितियों से स्वयंसेवकों की सूची संबंधित थाने में जमा कराने को कहा गया है। पहचान आसान बनाने के लिए स्वयंसेवकों को एक ही रंग की टोपी और बैज देने का निर्देश दिया गया। प्रशासन ने प्रत्येक पंडाल के निकट उपलब्ध अस्पताल को पहले से चिह्नित करने पर भी जोर दिया है।

बैठक में पूजा स्थलों तक जाने वाले रास्तों पर सुचारू यातायात और सुरक्षित पार्किंग की व्यवस्था करने को कहा गया। मूर्ति विसर्जन के मार्गों का सत्यापन करने तथा विसर्जन घाटों पर ट्यूब समेत जरूरी सुरक्षा संसाधन रखने के निर्देश दिए गए, ताकि भीड़ और आपात स्थितियों को व्यवस्थित तरीके से संभाला जा सके।

सोशल मीडिया पर अफवाह या भड़काऊ सामग्री के जरिए माहौल बिगाड़ने की कोशिशों पर निगरानी रखने की बात भी कही गई। पुलिस अधिकारियों को ऐसे मामलों में कार्रवाई करने और पूजा के नाम पर अवैध चंदा वसूली की शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए संबंधित मामलों को चिह्नित करने का निर्देश दिया गया।