देवघर में दुर्गा पूजा के दौरान श्रद्धालुओं की संभावित भीड़ को देखते हुए जिला प्रशासन ने पंडालों की सुरक्षा और बुनियादी सुविधाओं की समीक्षा की। उपायुक्त सौरभ कुमार भुवानिया, पुलिस अधीक्षक प्रवीण पुष्कर, डीडीसी पीयूष सिन्हा, एसडीएम रवि कुमार और नगर आयुक्त सुलोचना मीणा सहित अधिकारियों ने विभिन्न पूजा पंडालों का निरीक्षण किया।
नवरात्र की पांचवीं पूजा के बाद पंडालों के पट खुलने और छठी पूजा से मेले की गतिविधियां बढ़ने की संभावना है। इसी को ध्यान में रखते हुए अधिकारियों ने पूजा समितियों की तैयारियों को देखा और श्रद्धालुओं के सुरक्षित आवागमन के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान पंडालों में लगे सीसीटीवी कैमरों, आग से निपटने के इंतजाम तथा प्रवेश और निकास की व्यवस्था की जांच की गई। महिला और पुरुष श्रद्धालुओं के लिए अलग-अलग द्वार रखने पर भी ध्यान दिया गया, ताकि भीड़ के समय आवाजाही व्यवस्थित बनी रहे।
मेले में छोटे बच्चों की सुरक्षा के लिए भी विशेष प्रबंध करने को कहा गया है। भीड़ में किसी बच्चे के परिजनों से बिछड़ने की स्थिति में उद्घोषणा के माध्यम से सूचना प्रसारित कर उसे सुरक्षित रूप से परिवार तक पहुंचाने की व्यवस्था की जाएगी। पूजा समितियों और स्थानीय लोगों से प्रशासनिक निर्देशों का पालन करने की अपील की गई है।
पुलिस अधीक्षक ने महिलाओं की सुरक्षा से संबंधित व्यवस्थाओं और नियमों के पालन पर जोर दिया। प्रशासन की ओर से सभी पूजा पंडालों का निरीक्षण कर यह सुनिश्चित करने का प्रयास किया जा रहा है कि दर्शन के लिए आने वाले लोगों को असुविधा न हो और सुरक्षा संबंधी आवश्यक तैयारियां समय रहते पूरी कर ली जाएं।
नगर आयुक्त ने पंडालों और उनके आसपास साफ-सफाई बनाए रखने के निर्देश दिए। पूजा समितियों के अध्यक्षों को स्वच्छता संबंधी आवश्यक कदम उठाने को कहा गया है। प्रशासन ने सुरक्षा, भीड़ नियंत्रण, अग्नि सुरक्षा और स्वच्छता को तैयारियों के प्रमुख हिस्सों के रूप में चिह्नित किया है।