धनबाद के 18 वार्डों में जलापूर्ति सुधारने की तैयारी, लीकेज मरम्मत और नेटवर्क विस्तार के निर्देश

नगर आयुक्त की समीक्षा बैठक में पाइपलाइन लीकेज, टंकियों की सफाई और नियमित जलापूर्ति से जुड़े कार्य तेज करने को कहा गया।

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धनबाद में जलापूर्ति व्यवस्था सुधारने के लिए हुई समीक्षा बैठक का सांकेतिक दृश्य

धनबाद शहर के 18 वार्डों में पेयजल आपूर्ति से जुड़ी समस्याओं के समाधान की तैयारी तेज की गई है। नगर आयुक्त की अध्यक्षता में हुई समीक्षा बैठक में पाइपलाइन लीकेज की मरम्मत, वितरण नेटवर्क के विस्तार और जलापूर्ति टंकियों की सफाई जैसे काम शीघ्र पूरा करने के निर्देश दिए गए। बैठक में नियमित, पर्याप्त और गुणवत्तापूर्ण पानी उपलब्ध कराने पर जोर रहा।

समीक्षा के दायरे में वार्ड संख्या 1, 3, 6, 7, 8, 15, 16, 21, 22, 23, 24, 25, 26, 29, 32, 33, 50 और 53 शामिल रहे। अधिकारियों ने इन वार्डों के अलग-अलग इलाकों में पानी की उपलब्धता और वितरण व्यवस्था में आ रही बाधाओं पर चर्चा की।

भगत सिंह चौक, लोयाबाद शिव मंदिर, राधा-कृष्ण मंदिर, झारखंड मोड़, एफसीआई गोदाम, बैंक मोड़, बरमसिया और धनसार चौक के पास पाइपलाइन लीकेज को प्राथमिकता से ठीक करने को कहा गया। इसका उद्देश्य पानी की बर्बादी रोकने के साथ प्रभावित क्षेत्रों में आपूर्ति बेहतर करना है।

बैठक में भेलाटांड़, राजा तालाब और मंझलाडीह-नवाडीह की जलापूर्ति टंकियों को पुराने वितरण नेटवर्क से जोड़ने की संभावना पर भी विचार हुआ। वार्ड 26 और 29 में बढ़ती आबादी को देखते हुए पाइपलाइन विस्तार तथा अतिरिक्त जलापूर्ति टंकियों की जरूरत का आकलन करने पर जोर दिया गया। वार्ड 15 और 16 में जेएनएनयूआरएम के तहत बनी टंकियों से नियमित पानी नहीं मिलने का मुद्दा भी सामने आया।

रेलवे फाटक, केवट मोहल्ला, सलानपुर बस्ती, तेतुलमारी, सिजुआ, बांसजोड़ा, बासुदेवपुर, कुसुम विहार, विकास नगर, विनोद नगर और डिगवाडीह समेत कई क्षेत्रों की स्थिति की अलग से समीक्षा की गई। अधिकारियों को टंकियों की नियमित सफाई, पानी के नमूनों की जांच और खराब वाटर लेवल मीटर की मरम्मत सुनिश्चित करने का निर्देश मिला।

ओवरफ्लो लाइनों को वितरण नेटवर्क से जोड़ने तथा पाइपलाइन विस्तार में एनओसी और सड़क कटिंग से जुड़ी बाधाएं दूर करने को भी कहा गया है। नगर निगम और पेयजल एवं स्वच्छता प्रमंडल-1 तथा 2 के बीच समन्वय बनाकर चिह्नित इलाकों में जलापूर्ति की समस्याओं के स्थायी समाधान पर काम करने का निर्देश दिया गया।