पश्चिमी सिंहभूम जिले के मनोहरपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र परिसर में मरीजों और उनके साथ आने वाले परिजनों को कम कीमत पर भोजन उपलब्ध कराने की तैयारी की जा रही है। सरकार की पांच रुपये वाली दाल-भात योजना के तहत यहां ‘जीवनधारा’ केंद्र बनाया जा रहा है। केंद्र शुरू होने पर निर्धारित दर में दाल-भात परोसा जाएगा।
मनोहरपुर प्रखंड के दूर-दराज के ग्रामीण क्षेत्रों से बड़ी संख्या में लोग इलाज के लिए इस सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचते हैं। कुछ मरीजों को जांच और उपचार के कारण कई घंटे अस्पताल में रुकना पड़ता है, जबकि कई मामलों में उनके परिजन भी लंबे समय तक साथ रहते हैं। ऐसे परिवारों के लिए भोजन का प्रबंध करना अतिरिक्त चिंता और खर्च का कारण बन सकता है।
जीवनधारा केंद्र अस्पताल परिसर में ही होने से मरीजों और तीमारदारों को भोजन लेने के लिए बाहर नहीं जाना पड़ेगा। पांच रुपये में दाल-भात मिलने से विशेष रूप से गरीब और जरूरतमंद परिवारों को राहत मिलने की उम्मीद है। हालांकि उपलब्ध जानकारी में केंद्र के विधिवत संचालन शुरू होने की तारीख नहीं बताई गई है।
केंद्र चलाने की जिम्मेदारी आशा स्वयं सहायता समूह को सौंपी गई है। समूह भोजन तैयार करने और वितरण सहित संचालन से जुड़ी व्यवस्थाएं संभालेगा। इस जिम्मेदारी के माध्यम से स्थानीय महिलाओं की भागीदारी बढ़ने के साथ उनके लिए रोजगार और स्वरोजगार का अवसर भी जुड़ सकता है।
मनोहरपुर क्षेत्र के कई गांव स्वास्थ्य केंद्र से काफी दूरी पर हैं। इन इलाकों से आने वाले लोगों को इलाज के साथ यात्रा और भोजन का खर्च भी उठाना पड़ता है। परिसर में सस्ता भोजन उपलब्ध होने पर बाजार से खाना खरीदने में होने वाला खर्च घट सकता है और अस्पताल में ठहरने के दौरान भोजन की व्यवस्था अधिक सुविधाजनक हो सकती है।
केंद्र तैयार होने के बाद इसकी उपयोगिता इस बात पर निर्भर करेगी कि मरीजों और परिजनों को भोजन नियमित रूप से उपलब्ध रहे। फिलहाल पहल का मुख्य उद्देश्य सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र आने वाले जरूरतमंद लोगों को परिसर के भीतर ही निर्धारित कम कीमत पर साधारण भोजन की सुविधा देना है।