देवघर में भारत के मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत के 2 नवंबर के प्रस्तावित आगमन को लेकर प्रशासनिक और सुरक्षा तैयारियां तेज कर दी गई हैं। व्यवहार न्यायालय परिसर में बुधवार को प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश कौशल किशोर झा की अध्यक्षता में हुई बैठक में कार्यक्रम से जुड़ी व्यवस्थाओं की समीक्षा की गई।
बैठक में बताया गया कि मुख्य न्यायाधीश के आगमन के अवसर पर व्यवहार न्यायालय परिसर में राज्यस्तरीय विधिक सेवा-सह-सशक्तीकरण शिविर आयोजित किया जाएगा। प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश ने कार्यक्रम को व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने के लिए संबंधित अधिकारियों को जरूरी दिशा-निर्देश दिए।
उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी सौरभ कुमार भुवानिया ने जिला प्रशासन की ओर से की जा रही विधि-व्यवस्था और सुरक्षा संबंधी तैयारियों की जानकारी दी। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार मुख्य न्यायाधीश बाबा वैद्यनाथ मंदिर में पूजा-अर्चना के बाद न्यायालय परिसर में आयोजित मुख्य कार्यक्रम में शामिल होंगे। इस दौरान संबंधित प्रशासनिक और पुलिस अधिकारियों को मुस्तैद रखने की तैयारी है।
पुलिस अधीक्षक प्रवीण पुष्कर ने सुरक्षा के अलग-अलग पहलुओं, पुलिस बल की तैनाती और शहर की यातायात व्यवस्था के बारे में बैठक को अवगत कराया। कार्यक्रम के दौरान आवागमन सुचारु रखने के लिए तैयार किए गए रूट चार्ट पर भी चर्चा हुई। बैठक में न्यायाधीशों के साथ अपर समाहर्ता, वरिष्ठ जिला अधिकारी, पुलिस पदाधिकारी और संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
बैठक के बाद प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश, उपायुक्त, पुलिस अधीक्षक और अन्य अधिकारियों ने व्यवहार न्यायालय परिसर का संयुक्त निरीक्षण किया। अधिकारियों ने प्रस्तावित शिविर के लिए पंडाल और मंच निर्माण से जुड़ी तैयारियों के साथ सुरक्षा तथा अन्य व्यवस्थाओं का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान जिम्मेदार अधिकारियों को शेष कार्यों के संबंध में आवश्यक निर्देश भी दिए गए।