रांची के कडरू स्थित हज हाउस में प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे अल्पसंख्यक समुदाय के युवाओं के लिए निःशुल्क कोचिंग शुरू की गई है। मुख्यमंत्री अल्पसंख्यक कोचिंग योजना के तहत यहां कुल 78 अभ्यर्थियों को झारखंड लोक सेवा आयोग और झारखंड कर्मचारी चयन आयोग की परीक्षाओं की तैयारी कराई जाएगी। नियमित कक्षाएं शुक्रवार, 6 नवंबर से संचालित होंगी।
योजना का उद्घाटन गुरुवार को अल्पसंख्यक कल्याण मंत्री हफीजुल हसन ने किया। उपलब्ध विवरण के अनुसार, जेपीएससी की तैयारी के लिए 40 और जेएसएससी के लिए 38 अभ्यर्थियों का चयन किया गया है। दोनों परीक्षाओं के विद्यार्थियों के लिए अलग-अलग कक्षाओं की व्यवस्था की गई है।
उद्घाटन कार्यक्रम के दौरान मंत्री ने हज हाउस में तैयार कक्षाओं और पुस्तकालय का निरीक्षण किया। अभ्यर्थियों को पढ़ाई से जुड़ी आवश्यक सुविधाएं देने की बात कही गई है। कार्यक्रम में विद्यार्थियों के बीच बैग और अध्ययन सामग्री भी वितरित की गई। कोचिंग की शैक्षणिक व्यवस्था का संचालन कोलकाता की एक कंपनी करेगी।
मंत्री ने कहा कि परीक्षा में सफलता के लिए इच्छाशक्ति और लगातार मेहनत जरूरी है। उन्होंने अभ्यर्थियों के लिए जल्द छात्रावास की सुविधा उपलब्ध कराने की बात भी कही। योजना के दायरे में भविष्य में इंजीनियरिंग, मेडिकल और दूसरी प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी की व्यवस्था करने का भी उल्लेख किया गया।
कार्यक्रम में मंत्री ने जेपीएससी की तैयारी के लिए पहुंचे जामताड़ा निवासी एहसान इलाही से बातचीत की। उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, एहसान पिछली जेपीएससी परीक्षा में एक अंक से चयन से वंचित रह गए थे। नई व्यवस्था में ऐसे अभ्यर्थियों को कक्षाओं, पुस्तकालय और अध्ययन सामग्री के माध्यम से तैयारी का अवसर मिलेगा।
उद्घाटन के अवसर पर कल्याण सचिव कृपानंद झा, आदिवासी कल्याण आयुक्त कुलदीप चौधरी और डीआईजी नौशाद आलम सहित अन्य अधिकारी मौजूद थे। हज हाउस में शुरू हुई यह व्यवस्था फिलहाल जेपीएससी और जेएसएससी के चयनित अभ्यर्थियों पर केंद्रित है तथा दोनों समूहों की पढ़ाई निर्धारित अलग-अलग कक्षाओं में होगी।