रांची में भाजपा की जनजातीय गौरव पखवाड़ा कार्यशाला, पंचायत स्तर तक कार्यक्रमों की तैयारी

भाजपा की प्रदेश स्तरीय कार्यशाला में जनजातीय गौरव पखवाड़े के तहत गांव, टोला, मंडल और पंचायत स्तर तक कार्यक्रम आयोजित करने की रूपरेखा बनाई गई।

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रांची में जनजातीय गौरव पखवाड़े को लेकर आयोजित भाजपा की प्रदेश स्तरीय कार्यशाला

रांची के डीबडीह स्थित कार्निवल बैंक्वेट हॉल में शुक्रवार को भाजपा झारखंड प्रदेश ने राष्ट्रीय जनजातीय गौरव दिवस और जनजातीय गौरव पखवाड़े को लेकर प्रदेश स्तरीय कार्यशाला आयोजित की। बैठक में गांव और टोला से लेकर पंचायत स्तर तक कार्यक्रम करने की रूपरेखा पर चर्चा हुई।

कार्यशाला की अध्यक्षता भाजपा अनुसूचित जनजाति मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष सन्नी टोप्पो ने की। पार्टी की योजना जनजातीय महापुरुषों, स्वतंत्रता सेनानियों और आंदोलनों से जुड़े इतिहास को अलग-अलग स्तर पर आयोजित कार्यक्रमों के माध्यम से लोगों तक पहुंचाने की है।

प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू ने कहा कि पार्टी राष्ट्रीय जनजातीय गौरव दिवस को पखवाड़े के रूप में मना रही है। उन्होंने बताया कि प्रदेश से पंचायत स्तर तक कार्यकर्ताओं को कार्यक्रमों से जोड़ा जाएगा। प्रदेश संगठन मंत्री पवन साय ने जिला, मंडल और पंचायत स्तर की प्रस्तावित गतिविधियों की रूपरेखा रखी।

नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने झारखंड को भगवान बिरसा मुंडा की जन्मभूमि और जनजातीय आंदोलनों की ऐतिहासिक धरती बताते हुए आदिवासी समाज के योगदान का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि आजादी के आंदोलन तथा जल, जंगल और जमीन की रक्षा में जनजातीय समुदाय की महत्वपूर्ण भूमिका रही है।

पूर्व मुख्यमंत्री अर्जुन मुंडा ने बिरसा मुंडा, सिदो-कान्हू, चांद-भैरव, तिलका मांझी, फूलो-झानो, नीलांबर-पीतांबर और जतरा टाना भगत के योगदान को याद किया। पूर्व मुख्यमंत्री मधु कोड़ा ने जनजातीय पहचान, संस्कृति और परंपराओं के संरक्षण पर जोर देते हुए युवाओं से अपने इतिहास को जानने की अपील की।

प्रदेश संयोजक समीर उरांव ने कहा कि कार्यकर्ता गांव और टोला स्तर तक पहुंचकर जनजातीय महापुरुषों के संघर्ष और बलिदान की जानकारी साझा करेंगे। कार्यशाला में केंद्रीय रक्षा राज्य मंत्री संजय सेठ सहित पार्टी के कई नेता उपस्थित रहे। बैठक का मुख्य केंद्र पखवाड़े के कार्यक्रमों को प्रदेश के निचले संगठनात्मक स्तर तक पहुंचाना रहा।