रांची में तीन सितंबर से बारिश का मौजूदा दौर कमजोर पड़ने के आसार हैं। उपलब्ध मौसम आकलन के अनुसार, चार से आठ सितंबर के बीच झारखंड में मानसूनी गतिविधियां कुछ कम रह सकती हैं। इस दौरान राजधानी में धूप, बढ़ते तापमान और उमस के कारण लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ सकता है।
एक सितंबर तक रांची में 907.5 मिलीमीटर बारिश दर्ज की जा चुकी है। इस अवधि की सामान्य वर्षा 823.9 मिलीमीटर मानी गई है। इस तरह राजधानी में अब तक सामान्य स्तर से अधिक पानी बरसा है। सितंबर में भी सामान्य बारिश होने की संभावना जताई गई है।
आकलन के मुताबिक, सितंबर में लगभग 180 मिलीमीटर और वर्षा होने पर मानसून का पूरा कोटा पूरा हो सकता है। बंगाल की खाड़ी में इस महीने दो से तीन निम्न दबाव क्षेत्र बनने की संभावना है। इन प्रणालियों के प्रभाव से दूसरे और तीसरे सप्ताह में रांची में तेज बारिश देखने को मिल सकती है।
फिलहाल सक्रिय मौसम प्रणाली का असर तीन सितंबर से कम होने का अनुमान है। सितंबर के पहले सप्ताह में दो से तीन दिन ही बारिश होने की संभावना बताई गई है। इसके बाद अधिकतम तापमान करीब 27 डिग्री तक रह सकता है और तेज धूप के साथ उमस बढ़ सकती है।
नौ सितंबर के बाद बारिश का एक और दौर शुरू होने के आसार हैं। बंगाल की खाड़ी में नया निम्न दबाव क्षेत्र बनने की संभावना है, जिसका प्रभाव झारखंड पर पड़ सकता है। हालांकि, इसकी वास्तविक तीव्रता और वर्षा की स्थिति प्रणाली विकसित होने के बाद ही अधिक स्पष्ट होगी।
पिछले पांच वर्षों के उपलब्ध आंकड़ों में भी रांची में सितंबर के दौरान अच्छी या सामान्य से अधिक बारिश दर्ज होने की बात सामने आई है। वर्ष 2024 में सितंबर की वर्षा इस अवधि में सबसे अधिक रही थी। मौजूदा अनुमान के अनुसार, इस बार महीने के बीच के हिस्से में मानसून दोबारा सक्रिय हो सकता है।