लोहरदगा स्थित बैंक ऑफ इंडिया ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान (आरसेटी) में बेरोजगार युवक-युवतियों के लिए मोबाइल रिपेयरिंग एवं सर्विस का 30 दिवसीय नि:शुल्क प्रशिक्षण शुरू हो गया है। कार्यक्रम का उद्देश्य प्रतिभागियों को मोबाइल मरम्मत से जुड़े व्यावहारिक कौशल के साथ स्वरोजगार के लिए जरूरी जानकारी देना है।
प्रशिक्षण के दौरान मोबाइल फोन के हार्डवेयर और सॉफ्टवेयर की बारीकियां समझाई जाएंगी। प्रतिभागियों को उपकरणों में आने वाली खराबियों की पहचान करने के साथ उनकी मरम्मत और सर्विसिंग की जानकारी भी दी जाएगी।
कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि और अग्रणी जिला प्रबंधक दिवाकर सिन्हा तथा विशिष्ट अतिथि एसकेवीके की प्रभारी सुनीता आइंद ने किया। दोनों ने प्रशिक्षण के महत्व की जानकारी देते हुए प्रतिभागियों से पूरे मनोयोग के साथ तकनीकी कौशल सीखने की अपील की।
दिवाकर सिन्हा ने कहा कि मोबाइल फोन अब दैनिक जरूरत का हिस्सा बन चुका है। इस कारण इसकी मरम्मत और सर्विसिंग के क्षेत्र में रोजगार तथा स्वरोजगार की संभावनाएं मौजूद हैं। सुनीता आइंद ने भी प्रशिक्षण का लाभ लेकर अपना काम शुरू करने के लिए प्रतिभागियों को प्रेरित किया।
आरसेटी के निदेशक सुरेश भगत के अनुसार पाठ्यक्रम केवल तकनीकी प्रशिक्षण तक सीमित नहीं रहेगा। इसमें उद्यमिता, बैंकिंग, डिजिटल लेन-देन, ग्राहकों से व्यवहार और व्यवसाय प्रबंधन जैसे विषयों की जानकारी भी दी जाएगी, ताकि प्रशिक्षण लेने वाले युवा काम शुरू करने की जरूरी प्रक्रियाओं को समझ सकें।
संस्थान के संकाय सदस्य दीपक कुमार ने आगामी कार्यक्रमों की जानकारी भी दी। उनके मुताबिक 15 सितंबर से फास्ट फूड स्टॉल और 25 सितंबर से महिलाओं के लिए ब्यूटी पार्लर का नि:शुल्क प्रशिक्षण शुरू किया जाएगा। इन पाठ्यक्रमों में भाग लेने के इच्छुक लोग आरसेटी में आवेदन कर सकते हैं।