हजारीबाग के शेख भिखारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल में शनिवार को जिला प्रशासन की विशेष टीम ने औचक निरीक्षण किया। टीम ने अस्पताल के विभिन्न वार्डों में मरीजों के उपचार और रख-रखाव से जुड़ी व्यवस्थाओं का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान चिकित्सा उपकरणों, परिसर की सफाई और उपलब्ध सुविधाओं की स्थिति भी देखी गई।
प्रकाशित विवरण के अनुसार, यह निरीक्षण सांसद प्रतिनिधि रंजन चौधरी की मांग के बाद किया गया। उन्होंने अस्पताल की कार्यप्रणाली और मरीजों को मिलने वाली सुविधाओं को लेकर सवाल उठाते हुए प्रशासन से जांच कराने का आग्रह किया था। इसके बाद गठित विशेष टीम अस्पताल पहुंची और अलग-अलग व्यवस्थाओं की पड़ताल की।
रिपोर्ट में दावा किया गया है कि जांच के दौरान वार्डों के रख-रखाव और मरीजों की देखभाल में कमियां सामने आईं। कुछ महत्वपूर्ण चिकित्सकीय उपकरण बंद मिले या उनका समुचित उपयोग नहीं किया जा रहा था। अस्पताल परिसर तथा वार्डों में स्वच्छता की स्थिति पर भी निरीक्षण दल ने ध्यान दिया।
टीम ने डॉक्टरों और स्वास्थ्यकर्मियों की उपस्थिति से संबंधित रिकॉर्ड की जांच की। इसके साथ ही मरीजों को दवाएं उपलब्ध कराने की व्यवस्था भी निरीक्षण के दायरे में रही। हालांकि, प्रशासन की ओर से अभी किसी कर्मचारी या अधिकारी की जिम्मेदारी तय किए जाने की जानकारी सामने नहीं आई है।
निरीक्षण में शामिल अधिकारी अब अस्पताल की मौजूदा स्थिति और जांच के दौरान दर्ज बिंदुओं को समेटकर विस्तृत रिपोर्ट तैयार करेंगे। यह रिपोर्ट उपायुक्त को सौंपी जाएगी। उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, रिपोर्ट के निष्कर्षों के आधार पर आगे की प्रशासनिक कार्रवाई पर निर्णय लिया जा सकता है।
शेख भिखारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल जिले का प्रमुख सरकारी चिकित्सा संस्थान है। ऐसे में निरीक्षण के निष्कर्ष मरीजों को मिलने वाली सुविधाओं, उपकरणों के संचालन, सफाई और दवा वितरण की व्यवस्था के लिए महत्वपूर्ण होंगे। फिलहाल अस्पताल प्रबंधन की विस्तृत प्रतिक्रिया और प्रशासन की अंतिम रिपोर्ट की प्रतीक्षा है।