पश्चिमी सिंहभूम के सारंडा क्षेत्र स्थित बहदा गांव में कुइली पहाड़ी नदी की तेज धारा में तीन ग्रामीण बह गए। तलाशी अभियान के दौरान दो लोगों के शव बरामद किए गए हैं, जबकि एक महिला का अब तक पता नहीं चल सका है। छोटानागरा थाना क्षेत्र में हुई इस घटना के बाद पुलिस और ग्रामीण नदी के आसपास लगातार खोजबीन कर रहे हैं।
मृतकों में बहदा गांव के रोया सिद्धू के पिता बोसेन सिद्धू और उनकी मां शामिल हैं। खोजबीन के दौरान रोया सिद्धू की मां का शव घटनास्थल से करीब 500 मीटर दूर नदी किनारे झाड़ियों में फंसा मिला। इसके बाद अभियान जारी रखा गया और बोसेन सिद्धू का शव भी नदी से बरामद कर लिया गया।
इस घटना में बामिया सिद्धू की पत्नी सुनीता सिद्धू भी नदी की धारा में बह गईं। काफी तलाश के बावजूद उनका सुराग नहीं मिला है। छोटानागरा थाना प्रभारी गौतम कुमार के नेतृत्व में पहुंची पुलिस टीम ग्रामीणों के साथ नदी किनारे और बहाव की दिशा में संभावित स्थानों की जांच कर रही है।
ग्रामीणों के अनुसार, तीनों लोग रविवार को गांव में एक व्यक्ति के अंतिम संस्कार में शामिल होने गए थे। शाम को लौटते समय वे कुइली नदी पार कर रहे थे। इसी दौरान पहाड़ी क्षेत्र की ओर से अचानक तेज पानी आया, नदी का जलस्तर बढ़ गया और तीनों ग्रामीण धारा की चपेट में आ गए।
घटना की सूचना मिलने के बाद गांव के लोगों ने अपने स्तर पर तलाश शुरू की थी। बाद में पुलिस भी अभियान में शामिल हुई। रात होने से दृश्यता घटने, इलाके में बारिश जारी रहने और नदी का बहाव तेज होने के कारण खोजबीन में कठिनाई आई। जोखिम के बावजूद अभियान देर रात तक चलाया गया।
लापता महिला की तलाश अभी जारी है। नदी में पानी की गति और मौसम की स्थिति के कारण बचाव दल को सावधानी बरतनी पड़ रही है। पुलिस और ग्रामीण नदी के आसपास उन सभी संभावित जगहों को देख रहे हैं, जहां तेज बहाव के साथ लापता महिला के पहुंचने की आशंका हो सकती है।