सिमडेगा शहर के गांधी मैदान स्थित रॉयल पैलेस में सवर्ण समाज की बैठक आयोजित की गई। इसमें शिक्षा, रोजगार और सामाजिक अधिकारों से जुड़े विषयों के साथ बच्चों तथा आने वाली पीढ़ियों के भविष्य पर चर्चा हुई। कार्यक्रम की शुरुआत वैदिक रीति-रिवाज से भारत माता के पूजन के साथ की गई।
बैठक में वक्ताओं ने यूजीसी से जुड़े प्रस्तावित बदलावों को लेकर चिंता व्यक्त की। उन्होंने समाज के लोगों से इन विषयों के प्रति जागरूक रहने, संगठित होने और लोकतांत्रिक माध्यम से अपनी बात रखने की अपील की। बैठक में प्रस्तावों के प्रभाव को लेकर कोई विस्तृत आधिकारिक विवरण प्रस्तुत किए जाने की जानकारी नहीं दी गई।
कार्यक्रम का संचालन मनोज सिन्हा मनु ने किया। उन्होंने शिक्षा और रोजगार के क्षेत्र में समाज के सामने मौजूद चुनौतियों का उल्लेख किया। अधिवक्ता विजय बख्शी, राजेश शर्मा, सुरजीत दत्ता, कल्याण मिश्रा, अमरेंद्र प्रसाद, अनुराग पाठक, अखिलेश सिंह, श्याम सुंदर मिश्रा, गोरखनाथ सिंह और रणधीर रंजन समेत अन्य वक्ताओं ने भी अपने विचार रखे।
चर्चा के दौरान कानून, अधिकार, शिक्षा, रोजगार और सामाजिक प्रतिनिधित्व से संबंधित विषय उठाए गए। युवाओं को पढ़ाई और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए प्रेरित किया गया। वक्ताओं ने बदलती परिस्थितियों के अनुसार स्वयं को तैयार करने और शैक्षणिक अवसरों पर ध्यान देने की आवश्यकता भी बताई।
समाज से जुड़े मुद्दों पर नियमित संवाद बनाए रखने और संगठन को मजबूत करने के उद्देश्य से सवर्ण समाज कोर कमेटी गठित करने पर सहमति बनी। इसके साथ ही संगठन के संचालन के लिए 21 सदस्यीय टीम बनाने का निर्णय लिया गया। यूजीसी से जुड़े प्रस्तावित बदलावों सहित अन्य विषयों पर लोकतांत्रिक तरीके से पक्ष रखने की बात कही गई।
संयोजक मंडली में श्यामलाल शर्मा, जगदीश सिंह, विजय बख्शी और धनंजय सिंह को शामिल किया गया है। बैठक में प्रदीप शर्मा, आशीष शास्त्री, योगेन्द्र कुमार रोहिल्ला, मनोज सिंह, अजय सिंह, सुमन राय, अनुज बक्सी, निरंजन सिंह, श्रीकांत सिंह, रविकान्त पाठक और अन्य लोग उपस्थित रहे।