हजारीबाग कोषागार से कथित अवैध वेतन निकासी की जांच के लिए दस्तावेज खंगालेगी उच्चस्तरीय समिति

हजारीबाग में कोषागार के माध्यम से वेतन और अन्य मद की कथित अवैध निकासी की जांच जारी है। उच्चस्तरीय समिति दुर्गा पूजा के बाद जिले में पहुंचकर संबंधित दस्तावेजों की पड़ताल करेगी।

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हजारीबाग कोषागार से कथित अवैध वेतन निकासी की जांच का सांकेतिक दृश्य

हजारीबाग जिला कोषागार के माध्यम से वेतन और अन्य मद में कथित अवैध निकासी की जांच आगे बढ़ाने के लिए राज्य सरकार की उच्चस्तरीय समिति दुर्गा पूजा के बाद जिले का दौरा करेगी। समिति को निकासी से जुड़े प्रत्येक बिंदु और उपलब्ध अभिलेखों की पड़ताल करने की जिम्मेदारी दी गई है। जांच पूरी होने के बाद इसकी रिपोर्ट राज्य सरकार को सौंपी जाएगी।

राज्य सरकार के निर्देश पर उत्पाद एवं मद्य निषेध विभाग के प्रधान सचिव डॉ. अमिताभ कौशल के नेतृत्व में यह समिति गठित की गई है। समिति ने अप्रैल 2026 में बोकारो और हजारीबाग से जुड़े मामलों की जांच संभाली थी। करीब पांच महीने की पड़ताल के दौरान बोकारो के एसपी कार्यालय से संबंधित जांच पूरी कर ली गई है, जबकि हजारीबाग का परीक्षण अभी जारी है।

हजारीबाग के उपायुक्त कार्यालय ने जांच के लिए एसपी कार्यालय में स्वीकृत बल, बजट और आवंटन की फाइलें उपलब्ध कराई हैं। जिला बल रजिस्टर, मास्टर रोल, वेतन ज्ञापन, बिल संबंधी फाइलें और स्थापना मद के अभिलेख भी समिति को दिए गए हैं। इसके अतिरिक्त डीडीओ व संबंधित लिपिकों का विवरण तथा भुगतान और बैंक खातों से जुड़े दस्तावेज जांच के दायरे में हैं।

समिति पुलिस मैनुअल, ट्रेजरी कोड और वित्तीय दिशा-निर्देशों के आधार पर अभिलेखों का परीक्षण कर रही है। जांच के दौरान कई दौर की बैठकें वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से भी हुई हैं। प्रस्तावित दौरे में अधिकारी उपलब्ध रिकॉर्ड का प्रत्यक्ष मिलान करेंगे और उन प्रमुख बिंदुओं पर छानबीन करेंगे जिनका निष्कर्ष अभी बाकी है।

उच्चस्तरीय समिति में वित्त, लेखा परीक्षा, अंकेक्षण और सूचना प्रौद्योगिकी से जुड़े अधिकारी शामिल हैं। प्रधान महालेखाकार के प्रतिनिधि, वित्त विभाग के अधिकारी, अंकेक्षण निदेशालय के लेखा नियंत्रक और एनआईसी के अधिकारी तकनीकी तथा वित्तीय पहलुओं की जांच में सहयोग कर रहे हैं।

बोकारो और हजारीबाग की जांच पूरी होने के बाद समिति अन्य जिलों में कोषागार से कथित अवैध निकासी से जुड़े मामलों की भी पड़ताल करेगी। फिलहाल किसी व्यक्ति की जिम्मेदारी या अंतिम निष्कर्ष घोषित नहीं किया गया है। समिति की रिपोर्ट के बाद ही जांच से सामने आए तथ्यों और आगे की कार्रवाई की स्थिति स्पष्ट होगी।