धनबाद समेत कोल इंडिया की अनुषंगी कंपनियों में खनन कार्यों से जुड़े ठेका श्रमिकों की दैनिक मजदूरी संशोधित की गई है। परिवर्तनशील महंगाई भत्ते यानी वीडीए की नई दरें लागू होने के बाद श्रेणी के अनुसार उन्हें प्रतिदिन 1,341 रुपये से 1,443 रुपये तक भुगतान किया जाएगा। इस निर्णय से कोयला क्षेत्र में कार्यरत करीब एक लाख ठेका श्रमिकों की आय बढ़ने की बात कही गई है।
उपलब्ध जानकारी के अनुसार, नई दरें एक अक्टूबर 2026 से प्रभावी हो चुकी हैं और 31 मार्च 2027 तक लागू रहेंगी। कोल इंडिया मुख्यालय ने 12 अक्टूबर को इससे संबंधित कार्यालय आदेश जारी किया। दरों में संशोधन भारत सरकार के मुख्य श्रम आयुक्त के 30 सितंबर के आदेश के आधार पर किया गया है।
नई व्यवस्था में अकुशल श्रमिकों के लिए 1,176 रुपये मूल मजदूरी और 165 रुपये महंगाई भत्ता तय किया गया है। इस तरह उन्हें कुल 1,341 रुपये प्रतिदिन मिलेंगे। अर्धकुशल एवं अकुशल पर्यवेक्षकीय श्रेणी को 1,206 रुपये मूल मजदूरी और 169 रुपये वीडीए समेत कुल 1,375 रुपये दिए जाएंगे।
कुशल श्रमिकों की दैनिक मजदूरी 1,409 रुपये निर्धारित की गई है। इसमें 1,236 रुपये मूल मजदूरी और 173 रुपये महंगाई भत्ता शामिल है। उच्च कुशल श्रमिकों को 1,266 रुपये मूल मजदूरी के साथ 177 रुपये वीडीए मिलेगा, जिससे उनका कुल दैनिक भुगतान 1,443 रुपये हो जाएगा।
मजदूरी संशोधन का आधार औद्योगिक श्रमिकों के औसत मूल्य सूचकांक में हुई वृद्धि को बताया गया है। यह सूचकांक 30 जून 2026 को 424.80 से बढ़कर 431.42 हो गया था। संशोधन कोल इंडिया और ठेकेदारों की संयुक्त समिति की नौ अगस्त 2023 की सिफारिश के तहत किया गया है।
धनबाद स्थित भारत कोकिंग कोल लिमिटेड में कार्यरत करीब छह हजार ठेका श्रमिक भी इसके दायरे में आएंगे। झरिया, धनबाद, सिंदरी और कतरास सहित विभिन्न कोयला क्षेत्रों में बोरिंग, ढुलाई, ओवरबर्डन हटाने, सपोर्ट और सफाई के काम में लगे श्रमिकों को लाभ मिलेगा। आदेश के अनुसार, ठेकेदारों को निर्धारित श्रेणी और संबंधित प्रावधानों के अनुरूप संशोधित भुगतान सुनिश्चित करना होगा।