गिरिडीह पुलिस का कांवरिया सेवा शिविर संपन्न, 4,045 श्रद्धालुओं का हुआ स्वास्थ्य परीक्षण

श्रावण मास के दौरान संचालित शिविर के समापन पर सेवा देने वाले 100 से अधिक पुलिसकर्मियों, स्वास्थ्यकर्मियों, स्वयंसेवकों और सहायक कर्मियों को सम्मानित किया गया।

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गिरिडीह पुलिस की ओर से श्रावण मास में संचालित कांवरिया सेवा शिविर 2026 का शनिवार को समापन हो गया। एक महीने तक चले शिविर के बाद न्यू पुलिस केंद्र परिसर में सम्मान सह आभार कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान सेवा व्यवस्था से जुड़े पुलिसकर्मियों, स्वास्थ्यकर्मियों, स्वयंसेवकों और अन्य सहयोगियों के योगदान को रेखांकित किया गया।

कार्यक्रम में पुलिस अधीक्षक डॉ. बिमल कुमार ने 100 से अधिक पुलिस पदाधिकारियों, जवानों, स्वास्थ्यकर्मियों, स्वयंसेवकों, रसोइयों और सफाईकर्मियों को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया। उन्होंने शिविर के संचालन में जमीनी स्तर पर काम करने वाले सभी लोगों की भूमिका की सराहना की और इसे पुलिस की जनसेवा से जुड़ी पहल बताया।

पुलिस अधीक्षक की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार, पूरे श्रावण मास में लगभग एक लाख से अधिक कांवर यात्रियों और श्रद्धालुओं ने शिविर की सेवाओं का लाभ लिया। यहां झारखंड और बिहार के साथ नेपाल, उत्तर प्रदेश, पश्चिम बंगाल, छत्तीसगढ़, मध्य प्रदेश और ओडिशा समेत विभिन्न स्थानों से आने वाले श्रद्धालुओं के स्वागत तथा ठहराव की व्यवस्था की गई थी।

शिविर में एक समय में 600 से अधिक लोगों के ठहरने की क्षमता रखी गई थी। पुलिस अधीक्षक के मुताबिक, महीने भर में 15 हजार से अधिक श्रद्धालु यहां रुके और विश्राम किया। यात्रियों की सहायता तथा शिविर को सुरक्षित ढंग से चलाने के लिए 100 से अधिक पुलिस पदाधिकारी एवं कर्मी, स्वास्थ्य दल, स्वयंसेवक और सहायक कर्मचारी चौबीस घंटे तैनात रहे।

स्वास्थ्य संबंधी जरूरतों के लिए मेडिकल टीम भी लगातार उपलब्ध रही। उपलब्ध विवरण के अनुसार, शिविर में 4,045 श्रद्धालुओं का निःशुल्क प्राथमिक उपचार और स्वास्थ्य परीक्षण किया गया। लंबी पैदल यात्रा से थके लोगों के लिए एक्यूप्रेशर और पैरों की मालिश की सुविधा भी रखी गई थी।

समापन समारोह में एसपी ने कहा कि शिविर की सफलता सेवा में लगे कर्मियों, चिकित्सकों, जवानों, रसोइयों और सफाईकर्मियों के संयुक्त परिश्रम से संभव हुई। सम्मान कार्यक्रम के साथ एक महीने तक चली इस व्यवस्था का औपचारिक समापन किया गया।