जमशेदपुर के कदमा और बिष्टुपुर में दो नए आयुष केंद्र, सोमवार से शुरू होगी ओपीडी

कदमा में 50 बेड का धनवंतरी आयुष अस्पताल और बिष्टुपुर में 10 बेड का पंचकर्म केंद्र तैयार है। दोनों जगह सोमवार से सुबह नौ से दोपहर तीन बजे तक ओपीडी चलेगी।

2 मिनट पढ़ें 5 बार पढ़ी गई
जमशेदपुर के कदमा और बिष्टुपुर में तैयार आयुष अस्पताल और पंचकर्म केंद्र

जमशेदपुर के कदमा और बिष्टुपुर में बने दो नए आयुष चिकित्सा केंद्रों में सोमवार से ओपीडी सेवा शुरू होगी। कदमा के शास्त्रीनगर ब्लॉक नंबर चार में 50 बेड का धनवंतरी आयुष अस्पताल बनाया गया है, जबकि बिष्टुपुर के सर्किट हाउस परिसर में 10 बेड का पंचकर्म केंद्र तैयार किया गया है। आयुष विभाग ने शनिवार को दोनों संस्थानों को अपने अधीन ले लिया।

जिला आयुष पदाधिकारी डॉ. मुकुल दीक्षित के अनुसार, ओपीडी संचालन की तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। इसके लिए डॉक्टरों और कर्मचारियों की नियुक्ति भी की गई है। दोनों केंद्रों की ओपीडी सुबह नौ बजे से दोपहर तीन बजे तक संचालित होगी। इससे जमशेदपुर और आसपास के मरीजों को पारंपरिक चिकित्सा सेवाओं का एक नया विकल्प मिलेगा।

धनवंतरी आयुष अस्पताल में आयुर्वेद के साथ होम्योपैथी, यूनानी चिकित्सा, पंचकर्म और योग की सुविधा देने की तैयारी है। अलग-अलग आयुष पद्धतियों को एक ही केंद्र पर उपलब्ध कराने से मरीज अपनी आवश्यकता के अनुसार परामर्श और उपचार प्राप्त कर सकेंगे। दोनों संस्थानों का संचालन केंद्र सरकार के आयुष मंत्रालय के निर्देश पर शुरू किया जा रहा है।

बिष्टुपुर स्थित दो मंजिला पंचकर्म केंद्र में आधुनिक तकनीकों के माध्यम से पंचकर्म चिकित्सा उपलब्ध कराने की योजना है। यहां मरीजों की स्थिति के अनुरूप आयुर्वेद की विभिन्न पंचकर्म प्रक्रियाएं विशेषज्ञ चिकित्सकों की देखरेख में की जाएंगी। फिलहाल इस केंद्र पर भी बाह्य रोगी सेवा से शुरुआत होगी।

दोनों स्थानों पर अभी मरीजों को भर्ती करने की सुविधा शुरू नहीं की जा रही है। विभाग के मुताबिक, इनडोर सेवा के संचालन के लिए अतिरिक्त मानव संसाधन की जरूरत है। डॉक्टरों और अन्य कर्मचारियों की अतिरिक्त नियुक्ति की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। आवश्यक कर्मचारी उपलब्ध होने के बाद भर्ती कर इलाज की व्यवस्था आरंभ की जाएगी।

नई सेवाओं की शुरुआत से शहर में आयुष चिकित्सा का संस्थागत ढांचा बढ़ेगा। पहले चरण में तय समय के दौरान परामर्श और उपचार की बाह्य सेवाएं मिलेंगी, जबकि अगले चरण में पर्याप्त मानव संसाधन जुटने पर बेड आधारित इलाज शुरू करने की योजना है। मरीज सोमवार से निर्धारित ओपीडी अवधि में दोनों केंद्रों पर पहुंच सकेंगे।