जेएसएससी सीजीएल मामले में बोकारो से एक और गिरफ्तारी, अब तक 38 आरोपी पकड़े गए

सीआईडी ने जेएसएससी सीजीएल परीक्षा में कथित पेपर लीक और अनियमितता की जांच के सिलसिले में बोकारो निवासी मिथिलेश कुमार पांडेय को गिरफ्तार किया है।

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जेएसएससी सीजीएल परीक्षा अनियमितता मामले की जांच और बोकारो से गिरफ्तारी से संबंधित प्रतीकात्मक दृश्य

झारखंड कर्मचारी चयन आयोग की संयुक्त स्नातक स्तरीय परीक्षा में कथित पेपर लीक और अनियमितता की जांच कर रही सीआईडी ने बोकारो से एक और आरोपी को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार व्यक्ति की पहचान हरला थाना क्षेत्र निवासी मिथिलेश कुमार पांडेय के रूप में हुई है। इस मामले में अब तक कुल 38 आरोपियों की गिरफ्तारी की जा चुकी है।

जांच एजेंसी का आरोप है कि मिथिलेश कुमार पांडेय ने तीन से चार अभ्यर्थियों की कथित रूप से व्यवस्था कराई थी। आरोप के अनुसार, वह इन अभ्यर्थियों को बोकारो के दुग्दा स्थित एक गुप्त केंद्र पर ले गया, जहां उन्हें परीक्षा से जुड़े प्रश्न और उत्तर याद कराए गए। सीआईडी ने यह भी दावा किया है कि अभ्यर्थियों से इसके बदले बड़ी रकम वसूली गई थी।

सीआईडी के मुताबिक, गिरफ्तार आरोपी परीक्षा संचालन से जुड़ी एजेंसी से संबद्ध मिथिलेश सिंह का करीबी है। जांच एजेंसी का कहना है कि अभ्यर्थियों से कथित सेटिंग के लिए प्राप्त रकम मिथिलेश सिंह तक पहुंचाई गई थी। एजेंसी को इस संबंध में साक्ष्य मिलने का दावा है। मिथिलेश कुमार पांडेय को रांची में पूछताछ के दौरान गिरफ्तार किया गया।

इससे एक दिन पहले सीआईडी ने मिथिलेश सिंह के रिश्तेदार रितेश कुमार सिंह को गिरफ्तार किया था। उस पर 30 से अधिक अभ्यर्थियों की कथित सेटिंग कराने और उन्हें दुग्दा के केंद्र पर ले जाने का आरोप है। इस तरह जांच एजेंसी ने दो दिनों के भीतर बोकारो से दो गिरफ्तारियां की हैं।

जांच के क्रम में परीक्षा संचालन से जुड़े दो कर्मियों सोमांश प्रकाश और राहुल को भी पहले गिरफ्तार किया गया था। सीआईडी के अनुसार, दोनों से रिमांड पर हुई पूछताछ में कथित अनियमितता से जुड़े समूह के बारे में जानकारी मिली। इसके बाद संदिग्ध लोगों की भूमिका का सत्यापन किया जा रहा है और सामने आए तथ्यों के आधार पर कार्रवाई की जा रही है।

सीआईडी ने इस प्रकरण में एक जनवरी 2025 को प्राथमिकी दर्ज की थी। उपलब्ध विवरण के अनुसार, पिछले वर्ष 16 और इस वर्ष नए सिरे से हुई जांच में 22 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। गिरफ्तार लोगों में कई सफल अभ्यर्थी भी शामिल हैं। सभी आरोपी फिलहाल रांची के होटवार स्थित बिरसा मुंडा केंद्रीय कारा में बंद हैं। मामले में लगाए गए आरोपों पर अंतिम निष्कर्ष न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही तय होगा।