धनबाद होकर प्रस्तावित हावड़ा-नई दिल्ली स्लीपर वंदे भारत को टाइम टेबल कमेटी की मंजूरी

टाइम टेबल कमेटी ने हावड़ा-नई दिल्ली स्लीपर वंदे भारत के धनबाद होकर संचालन पर सहमति दी है। रेलवे बोर्ड की अंतिम मंजूरी के बाद समय-सारिणी घोषित होने की संभावना है।

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धनबाद होकर हावड़ा और नई दिल्ली के बीच स्लीपर वंदे भारत एक्सप्रेस चलाने की दिशा में प्रगति हुई है। उपलब्ध रिपोर्ट के अनुसार, नवी मुंबई स्थित कोंकण रेलवे मुख्यालय में 8 से 10 अक्टूबर तक हुई टाइम टेबल कमेटी की बैठक में इस प्रस्ताव को मंजूरी दी गई। हालांकि, ट्रेन का संचालन शुरू करने से पहले रेलवे बोर्ड की अंतिम स्वीकृति अभी बाकी है।

नई हाई-स्पीड स्लीपर ट्रेन की समय-सारिणी को अंतिम रूप दिया जा रहा है। रिपोर्ट में कहा गया है कि प्रस्तावित ट्रेन राजधानी एक्सप्रेस की तुलना में कम समय में दिल्ली पहुंचेगी। धनबाद से गुजरने के कारण ग्रैंड कॉर्ड खंड के यात्रियों को हावड़ा और नई दिल्ली के बीच यात्रा का एक नया विकल्प मिल सकता है।

ग्रैंड कॉर्ड खंड पर कवच प्रणाली स्थापित की गई है। इस रेलमार्ग की पटरियों और ओवरहेड तारों को मजबूत करने का काम भी कई वर्षों से चल रहा है तथा रेलवे यहां लगातार गति परीक्षण करता रहा है। इसी खंड पर तेज रफ्तार वाली ट्रेन चलाने की तैयारी लंबे समय से की जा रही थी।

कमेटी की बैठक में गोमो से बक्सर के बीच नई ट्रेन चलाने का निर्णय भी लिया गया। प्रस्तावित सेवा दनियावां, जट डुमरी, नेउरा, बिहटा और आरा होकर चलेगी तथा पटना नहीं जाएगी। नेउरा-जट डुमरी बाईपास खंड को हाल में सीआरएस की मंजूरी मिलने की जानकारी भी रिपोर्ट में दी गई है।

इसके अलावा हावड़ा-आनंद विहार अमृत भारत एक्सप्रेस को सप्ताह में एक के बजाय दो दिन चलाने का निर्णय लिया गया है। फिलहाल यह ट्रेन गुरुवार देर रात हावड़ा से रवाना होकर तड़के करीब चार बजे धनबाद पहुंचती है। फेरे बढ़ाने की औपचारिक घोषणा बाद में होने की संभावना जताई गई है।

धनबाद से सीधे नई ट्रेन शुरू करने के कई प्रस्तावों को फिलहाल स्वीकृति नहीं मिली। धनबाद-शकूरबस्ती स्पेशल को नियमित करने तथा बेंगलुरु, सूरत और बिहार के विभिन्न स्टेशनों के लिए ट्रेन चलाने के प्रस्ताव लंबित हैं। रिपोर्ट के मुताबिक, धनबाद में कोचिंग पिट की सीमित क्षमता नई सेवाओं की राह में प्रमुख बाधा है। इसी वजह से बक्सर की प्रस्तावित ट्रेन धनबाद के बजाय गोमो से चलाने की तैयारी है, जबकि धनबाद के यात्रियों को उससे संपर्क देने पर विचार किया जा रहा है।