बारिश थमने के बाद भी रांची के कई इलाकों में जलजमाव, निकासी में जुटे रहे लोग

मंगलवार की तेज बारिश के बाद बुधवार को भी रांची के कई मोहल्लों में पानी जमा रहा। सड़कों, घरों और अपार्टमेंट के बेसमेंट से पानी निकालने में लोगों को परेशानी हुई।

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रांची के एक मोहल्ले की जलमग्न सड़क से गुजरते स्थानीय लोग

रांची में मंगलवार को हुई तेज बारिश का असर बुधवार को भी कई इलाकों में दिखाई दिया। बुधवार को बारिश नहीं होने के बावजूद सड़कों और मोहल्लों से पानी पूरी तरह नहीं निकल सका। जलजमाव के कारण स्थानीय लोग दिनभर अपने स्तर पर पानी निकालने की कोशिश करते रहे और आवागमन भी प्रभावित हुआ।

नगर निगम ने शहर के 53 वार्डों में जल निकासी के लिए 1,200 कर्मचारियों को लगाने का दावा किया था। हालांकि उपलब्ध रिपोर्ट के अनुसार, कुछ चुनिंदा स्थानों पर ही कर्मचारी नालियों की सफाई करते दिखाई दिए। कई मोहल्लों में निवासियों को खुद ही जमा पानी निकालना पड़ा।

बांधगाड़ी रोड नंबर पांच में बारिश के बीच नाली निर्माण और सड़क धंसने से परेशानी बढ़ गई है। सड़क पर खोदे गए गड्ढों के कारण कई महीने से कचरा वाहन मोहल्ले में नहीं पहुंचने की बात भी सामने आई है। स्थानीय लोगों के मुताबिक, गड्ढों की पर्याप्त घेराबंदी नहीं होने से दुर्घटना का खतरा बना हुआ है।

कोकर के भाभा नगर में बुधवार को सड़क पर पानी जमा रहा। पैदल यात्रियों और स्कूल जाने वाले बच्चों को इसी पानी से होकर गुजरना पड़ा। स्थानीय निवासियों ने जलजमाव के लिए नालियों की सफाई नहीं होने को जिम्मेदार बताया है।

विजय पथ पंडरा में मंगलवार को सड़क और नाली दोनों पानी में डूब गए थे। बुधवार को भी पूरी निकासी नहीं हो सकी और कुछ अपार्टमेंट के बेसमेंट में पानी भरा रहा। लोगों ने मोटर लगाकर पानी निकालने का प्रयास किया। निवासियों का कहना है कि पर्याप्त नाली का निर्माण होने पर ही इस समस्या से स्थायी राहत मिल सकती है।

लक्ष्मी नगर के गुटगुट मैदान और के. मल्लिक रोड के आसपास भी बारिश का पानी कई घरों में घुस गया। यहां भी लोग दिनभर निकासी में लगे रहे। स्थानीय निवासियों ने मांग की है कि अभियंता मौके का निरीक्षण कर नाली निर्माण की व्यवस्थित योजना तैयार करें, ताकि अगली तेज बारिश में मोहल्लों को फिर ऐसी स्थिति का सामना न करना पड़े।