धनबाद जिले के बीआईटी सिंदरी में चल रहे इंडक्शन कम ओरिएंटेशन कार्यक्रम के 13वें दिन नवप्रवेशित बीटेक विद्यार्थियों को संस्थान की सांस्कृतिक, रचनात्मक और सामाजिक गतिविधियों से परिचित कराया गया। शनिवार को आयोजित इस सत्र में विभिन्न छात्र संचालित क्लबों और संगठनों ने अपने कार्यों की जानकारी दी।
बिरसा कल्चरल सोसाइटी ने झारखंड की सांस्कृतिक परंपराओं और लोक विरासत पर केंद्रित प्रस्तुतियां दीं। इनके माध्यम से राज्य की सांस्कृतिक विविधता और पहचान को सामने रखा गया। कार्यक्रम ने दूसरे स्थानों से आए नए विद्यार्थियों को भी झारखंड की विरासत को समझने का अवसर दिया।
आर्ट्स क्लब के विद्यार्थियों ने गायन, नृत्य और नाटक की प्रस्तुतियों से अपनी प्रतिभा दिखाई। क्लब के सदस्यों ने नवप्रवेशित छात्रों को बताया कि संस्थान में पढ़ाई के साथ रचनात्मक अभिरुचियों को मंच देने के लिए भी गतिविधियां संचालित की जाती हैं। नए छात्रों को इनमें सक्रिय भागीदारी के लिए प्रोत्साहित किया गया।
कार्यक्रम में प्रयास इंडिया, पेंटिंग विंग और राष्ट्रीय सेवा योजना ने भी अपने कार्यक्षेत्रों का परिचय दिया। इन संगठनों की ओर से विद्यार्थियों को सामाजिक सेवा तथा रचनात्मक कार्यों से जुड़ने की प्रेरणा दी गई। इस सत्र में मनोरंजन के साथ सामाजिक जिम्मेदारी और सामुदायिक सहभागिता का संदेश भी शामिल रहा।
इंडक्शन कार्यक्रम का उद्देश्य नए विद्यार्थियों को संस्थान के शैक्षणिक वातावरण के साथ परिसर में उपलब्ध दूसरी गतिविधियों की जानकारी देना रहा। क्लबों की प्रस्तुतियों के जरिए छात्रों को अपनी रुचि के अनुसार कला, संस्कृति, नाटक, चित्रकला और सेवा से जुड़े मंचों को समझने का अवसर मिला।
इस अवसर पर इंडक्शन कार्यक्रम के चेयरमैन डॉ. आरके वर्मा और कन्वेनर डॉ. राहुल कुमार के साथ संस्थान के कई शिक्षक उपस्थित रहे। इनमें प्रो. संजय पाल, प्रो. विजय कुमार बेसरा, डॉ. सोमनाथ साहा, प्रो. जितेंद्र कुमार, डॉ. उस्निस बनर्जी, डॉ. प्रियंका कुमारी, डॉ. कोमल कुमारी, डॉ. शबनम स्वाती मिंज, प्रो. प्रशांत रंजन मालवीय और डॉ. निरुपमा शामिल थीं।