मेदिनीनगर में रीमा सेवा सदन सील, निरीक्षण में चिकित्सा और सुरक्षा व्यवस्था में गंभीर कमियां

सदर अस्पताल के सामने संचालित रीमा सेवा सदन को औचक निरीक्षण के बाद सील कर दिया गया। अधिकारियों को चिकित्साकर्मियों, अभिलेखों, अग्नि सुरक्षा और आपातकालीन चिकित्सा से जुड़ी कई व्यवस्थाएं नहीं मिलीं।

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मेदिनीनगर में निरीक्षण के बाद रीमा सेवा सदन को सील करते प्रशासनिक और स्वास्थ्य अधिकारी

पलामू के मेदिनीनगर में सदर अस्पताल के सामने संचालित रीमा सेवा सदन को प्रशासन ने औचक निरीक्षण के बाद तत्काल प्रभाव से सील कर दिया। यह कार्रवाई सदर अनुमंडल पदाधिकारी संजय पाण्डेय और सिविल सर्जन डॉ. अनिल कुमार श्रीवास्तव की मौजूदगी में की गई। अधिकारियों ने निरीक्षण में मिली कमियों को मरीजों की सुरक्षा और जनस्वास्थ्य के लिए गंभीर माना।

जांच के समय परिसर में कोई चिकित्सक या स्वास्थ्यकर्मी उपस्थित नहीं मिला। संस्थान प्रबंधन निरीक्षण दल को वैध किरायानामा भी उपलब्ध नहीं करा सका। शल्य कक्ष, मरीजों की भर्ती और छुट्टी से जुड़े रजिस्टर के साथ चिकित्सकों के सहमति तथा समझौता पत्र जैसे जरूरी अभिलेख भी उपलब्ध नहीं पाए गए।

निरीक्षण में जैव चिकित्सा अपशिष्ट के समुचित निस्तारण की व्यवस्था संतोषजनक नहीं मिली। अग्नि सुरक्षा के आवश्यक उपकरण और दूसरी सुरक्षा व्यवस्थाएं भी उपलब्ध नहीं थीं। रिपोर्टों के अनुसार शल्य कक्ष समेत परिसर में साफ-सफाई की स्थिति खराब थी और संक्रमण नियंत्रण को लेकर भी चिंता जताई गई।

अधिकारियों को शल्य कक्ष में बेहोशी देने के लिए जरूरी कार्यस्थल नहीं मिला। वहां आवश्यक शल्य दीपक की जगह सामान्य परीक्षण दीपक इस्तेमाल किया जा रहा था। शल्य मेज गंदी, क्षतिग्रस्त और फटी हुई मिली। किसी आपात चिकित्सा परिस्थिति से निपटने के लिए जरूरी उपकरण और दवाएं भी उपलब्ध नहीं पाई गईं।

परिसर में संचालित दवा दुकान की भी जांच की गई। निरीक्षण के दौरान दुकान का वैध लाइसेंस उपलब्ध नहीं मिला। प्रशासन ने इन परिस्थितियों में संस्थान में चिकित्सा सेवाओं का संचालन जारी रखना मरीजों की सुरक्षा के अनुकूल नहीं माना और पूरे परिसर को सील करने का निर्णय लिया।

सीलिंग के समय सेवा सदन में दो महिला मरीज भर्ती थीं और दोनों शल्य चिकित्सा के बाद स्वास्थ्य लाभ ले रही थीं। अधिकारियों ने उनकी सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए उन्हें इलाज के लिए सरकारी अस्पताल में स्थानांतरित कराया। इसके बाद संस्थान में चिकित्सा सेवाओं का संचालन रोकते हुए सीलिंग की कार्रवाई पूरी की गई।