रांची में बिजली सेवाओं पर मंथन, सही बिल और शिकायतों के त्वरित समाधान पर जोर

राज्य सलाहकार समिति की बैठक में समय पर सही बिजली बिल, भरोसेमंद आपूर्ति, मानक वोल्टेज और पारदर्शी उपभोक्ता सेवाओं सहित कई विषयों पर चर्चा हुई।

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रांची में राज्य सलाहकार समिति की बिजली सेवाओं पर आयोजित बैठक

रांची में झारखंड राज्य विद्युत नियामक आयोग की राज्य सलाहकार समिति की बैठक में बिजली उपभोक्ताओं से जुड़ी सेवाओं को बेहतर बनाने पर विचार-विमर्श किया गया। आयोग के अध्यक्ष न्यायमूर्ति नवनीत कुमार की अध्यक्षता में हुई बैठक में समय पर सही बिल देने, आपूर्ति की विश्वसनीयता बढ़ाने और शिकायतों का प्रभावी समाधान सुनिश्चित करने पर विशेष जोर रहा।

बैठक में आयोग के सदस्य (विधि) महेंद्र प्रसाद, राज्य सरकार के ऊर्जा विभाग के प्रधान सचिव के. श्रीनिवासन और आयोग के सचिव आर.पी. नायक उपस्थित रहे। समिति ने सेवा की गुणवत्ता और जवाबदेही के साथ ऐसी नियामक व्यवस्था की आवश्यकता बताई, जिसमें उपभोक्ता हितों का संरक्षण हो सके।

विचार-विमर्श के दौरान कहा गया कि उपभोक्ताओं को उचित मूल्य पर गुणवत्तापूर्ण बिजली उपलब्ध कराने के साथ विद्युत उपयोगिताओं का वित्तीय रूप से सक्षम और व्यवहार्य बने रहना भी जरूरी है। निवेश पर उचित प्रतिफल तथा राज्य के आर्थिक और औद्योगिक विकास के लिए अनुकूल बिजली व्यवस्था को भी नियमन के अहम उद्देश्यों में रखा गया।

समिति ने उपभोक्ताओं को समय पर और त्रुटिरहित बिजली बिल उपलब्ध कराने तथा गलत बिलों में शीघ्र सुधार की जरूरत रेखांकित की। वोल्टेज और विद्युत आपूर्ति की गुणवत्ता को निर्धारित मानकों के अनुरूप रखने के लिए आवश्यक कदम उठाने को भी कहा गया। उपभोक्ता शिकायतों के त्वरित और प्रभावी निपटारे पर अलग से जोर दिया गया।

नए बिजली कनेक्शन और दूसरी उपभोक्ता सेवाओं को पारदर्शी, सरल तथा समयबद्ध तरीके से उपलब्ध कराने पर भी चर्चा हुई। औद्योगिक और वाणिज्यिक संगठनों की ओर से उठाए गए विषयों में चौबीस घंटे विश्वसनीय आपूर्ति, उपभोक्ता सेवा में सुधार, उच्च भार वाले उपभोक्ताओं के लिए सिंगल फेज कनेक्शन और बिजली शुल्क से जुड़े मुद्दे शामिल रहे।

बैठक में रांची और धनबाद में दूसरे वितरण लाइसेंसी की संभावना पर भी विचार हुआ। समिति ने उठाए गए सुझावों और विषयों पर संबंधित पक्षों से जरूरी जानकारी प्राप्त करने, नियामक दृष्टिकोण से उनकी जांच करने और उचित कार्रवाई की आवश्यकता बताई। सदस्यों ने कहा कि पारदर्शिता और भरोसेमंद आपूर्ति राज्य की औद्योगिक तथा आर्थिक गतिविधियों के लिए भी महत्वपूर्ण है।