रांची रेलवे स्टेशन पर त्योहारी सीजन के दौरान यात्रियों की सुविधा बढ़ाने के लिए दक्षिणी प्रवेश द्वार 10 अक्टूबर से आंशिक रूप से खोलने की तैयारी की गई है। रेलवे के अनुसार, स्टेशन पर प्रतिदिन करीब 55 हजार से 75 हजार यात्री पहुंचते हैं। नए प्रवेश मार्ग के खुलने से मुख्य द्वार पर यात्रियों का दबाव कम करने में मदद मिलने की उम्मीद है।
रांची रेल मंडल के डीआरएम करुणानिधि सिंह ने बताया कि दक्षिणी प्रवेश द्वार महालया के दिन खोला जाएगा। इस प्रवेश द्वार से स्टेशन आने वाले लोगों के लिए प्लेटफॉर्म टिकट की कीमत 20 रुपये निर्धारित की गई है।
रेल प्रशासन ने रांची और हटिया स्टेशनों पर अनावश्यक भीड़ नियंत्रित करने के लिए प्लेटफॉर्म टिकट की दर भी 10 रुपये से बढ़ाकर 20 रुपये कर दी है। यह व्यवस्था त्योहारों के समय स्टेशनों पर बढ़ने वाली भीड़ को व्यवस्थित रखने की तैयारी का हिस्सा है।
यात्रियों के आवागमन के साथ ट्रेनों के संचालन के लिए भी अलग व्यवस्था की जा रही है। रांची स्टेशन के प्लेटफॉर्म संख्या छह से विशेष ट्रेनों का परिचालन किया जाएगा। दक्षिण दिशा की ओर चलने वाली विशेष ट्रेनों के लिए बलसिरिंग, गोविंदपुर रोड और बानो स्टेशनों पर वैकल्पिक ठहराव की व्यवस्था की गई है।
रेलवे की ओर से पूजा के दौरान कई विशेष ट्रेनें चलाने की जानकारी भी दी गई है। रांची से अजमेर के लिए विशेष ट्रेन दो अक्टूबर से 27 नवंबर तक प्रत्येक शुक्रवार को चलेगी, जबकि वापसी की यात्रा रविवार को होगी।
इसके अतिरिक्त रांची से आनंद विहार और सांतरागाछी तथा हटिया से लोकमान्य तिलक टर्मिनस और बेंगलुरु के लिए भी विशेष ट्रेनें चलाने की योजना बताई गई है। रांची स्टेशन का दक्षिणी द्वार खुलने और विशेष ट्रेनों के संचालन से त्योहारी अवधि में यात्रियों को अतिरिक्त विकल्प मिलेंगे।