रांची स्थित राजेंद्र आयुर्विज्ञान संस्थान (रिम्स) में मरीजों के परिजनों और उनसे मिलने आने वाले लोगों का प्रवेश अब पास के आधार पर नियंत्रित किया जाएगा। अस्पताल प्रबंधन ने भीड़ कम करने तथा सुरक्षा व्यवस्था को बेहतर बनाने के उद्देश्य से यह व्यवस्था तय की है। प्रवेश द्वार पर पास दिखाने के बाद ही संबंधित व्यक्ति को भीतर जाने की अनुमति मिलेगी।
नई व्यवस्था में मरीज की स्थिति के अनुसार उसके साथ रहने वाले अटेंडेंट की संख्या भी निर्धारित की गई है। गंभीर मरीज के साथ अधिकतम दो अटेंडेंट रह सकेंगे, जबकि सामान्य मरीज के साथ केवल एक अटेंडेंट को रहने की अनुमति होगी। दोनों श्रेणियों के अटेंडेंट के लिए पास जारी किए जाएंगे।
अस्पताल में भर्ती मरीजों से मिलने आने वाले लोगों के लिए दो समयावधियां तय की गई हैं। आगंतुक सुबह 11 बजे से दोपहर एक बजे तक और शाम चार बजे से छह बजे तक मरीजों से मिल सकेंगे। निर्धारित समय में भी प्रवेश के लिए पास दिखाना अनिवार्य रहेगा।
पास की जांच अस्पताल के प्रवेश द्वार पर की जाएगी। व्यवस्था का पालन सुनिश्चित कराने के लिए स्पेशल ऑक्जिलियरी पुलिस के अधिकारी निगरानी करेंगे। इस तरह अस्पताल परिसर और वार्डों में आने-जाने वाले लोगों की संख्या को नियंत्रित रखने की तैयारी की गई है।
प्रबंधन के अनुसार वार्डों में भीड़ घटने से डॉक्टरों और स्वास्थ्यकर्मियों को इलाज के दौरान सुविधा मिलेगी। सीमित संख्या में अटेंडेंट और तय समय पर आगंतुकों के प्रवेश से मरीजों के आसपास अनावश्यक भीड़ को कम करने में भी मदद मिलने की उम्मीद है।
अस्पताल प्रबंधन ने इस बदलाव को साफ-सफाई और संक्रमण का खतरा कम करने की कोशिश से भी जोड़ा है। नई व्यवस्था के लागू होने पर मरीजों के साथ आने वाले परिजनों तथा आगंतुकों को पास संबंधी नियम और मुलाकात का निर्धारित समय ध्यान में रखना होगा।