लातेहार जिले के मनिका प्रखंड स्थित राजाबांध टोला के स्कूल से वंचित बच्चों का नजदीकी सरकारी विद्यालय में नामांकन कराया गया है। जिला शिक्षा अधीक्षक ऋषिकेश कुमार के निर्देश पर शिक्षा विभाग की टीम टोले में पहुंची और स्थिति की जानकारी लेने के बाद बच्चों को उत्क्रमित प्राथमिक विद्यालय से जोड़ा।
राजाबांध टोला बिसुनबांध पंचायत के जालिमा गांव के अंतर्गत आता है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, यहां लगभग 10 से 12 आदिवासी परिवार रहते हैं। टोले में सड़क, बिजली और पानी जैसी बुनियादी सुविधाओं का अभाव है। बच्चों के आधार कार्ड और जन्म प्रमाणपत्र नहीं होने के कारण उनका विद्यालय में नामांकन भी नहीं हो पा रहा था।
टोले की स्थिति सामने आने के बाद जिला शिक्षा अधीक्षक ने विभागीय टीम को जांच के लिए भेजा था। टीम ने मौके पर बच्चों के स्कूल से बाहर होने और स्थानीय सुविधाओं की कमी की पुष्टि की। इसके बाद सभी अनामांकित बच्चों को पास के सरकारी विद्यालय में दाखिला दिलाने का निर्देश दिया गया।
नामांकन के साथ बच्चों को किताबें और दूसरी शैक्षणिक सामग्री भी उपलब्ध कराई गई है। विभाग के अनुसार, दीपावली के बाद उन्हें पोशाक, जूते और स्वेटर दिए जाएंगे। अभिभावकों से बच्चों को नियमित रूप से विद्यालय भेजने की अपील भी की गई है, ताकि नामांकन के बाद उनकी पढ़ाई लगातार जारी रह सके।
शिक्षा विभाग की जांच में यह बात भी सामने आई कि सुविधाओं और स्थानीय रोजगार की कमी के कारण कई परिवार बच्चों के साथ काम की तलाश में बाहर चले जाते हैं। विभागीय अधिकारियों ने अभिभावकों को बच्चों की शिक्षा जारी रखने और संभव होने पर स्थानीय स्तर पर रोजगार से जुड़ने के लिए समझाया है।
इस बीच उपायुक्त संदीप कुमार के निर्देश पर टोले में पेयजल सुविधा उपलब्ध कराने की पहल शुरू की गई है। हालांकि टोले तक वाहनों के पहुंचने योग्य रास्ता नहीं होने से बोरिंग गाड़ी ले जाने में परेशानी आ रही है। प्रशासन ने फिलहाल पेयजल की व्यवस्था के लिए प्रक्रिया आरंभ की है, जबकि सड़क और अन्य सुविधाओं की कमी अब भी स्थानीय परिवारों के सामने बड़ी चुनौती बनी हुई है।