लोहरदगा में दुर्गापूजा की तैयारियों की समीक्षा, विसर्जन स्थलों पर चिह्नित होंगे डेंजर जोन

लोहरदगा जिला प्रशासन ने दुर्गापूजा के दौरान सुरक्षा, यातायात, बिजली, सफाई और स्वास्थ्य सेवाओं की समीक्षा कर पूजा समितियों तथा संबंधित विभागों को आवश्यक निर्देश दिए।

2 मिनट पढ़ें 7 बार पढ़ी गई
लोहरदगा में दुर्गापूजा की तैयारियों को लेकर आयोजित प्रशासनिक बैठक

लोहरदगा में दुर्गापूजा के सुरक्षित और व्यवस्थित आयोजन के लिए जिला प्रशासन ने तैयारियों की समीक्षा की। समाहरणालय सभाकक्ष में उपायुक्त संदीप कुमार मीना की अध्यक्षता में हुई बैठक में केंद्रीय दुर्गा पूजा समिति के पदाधिकारी और सदस्य शामिल हुए। बैठक में सुरक्षा, यातायात, बिजली, पेयजल, सफाई, चिकित्सा और अग्निशमन से जुड़ी व्यवस्थाओं पर चर्चा की गई।

केंद्रीय समिति ने निर्माणाधीन पूजा पंडालों के साथ कलश यात्रा, रामलीला, प्रतिमा विसर्जन और रावण दहन के कार्यक्रमों की जानकारी दी। पुलिस बल तथा मेडिकल टीम की तैनाती, पेयजल, बिजली, सीसीटीवी और सफाई की जरूरतों से भी प्रशासन को अवगत कराया गया।

उपायुक्त ने सभी पूजा समितियों को पंडालों में पर्याप्त संख्या में वॉलंटियर्स तैनात करने का निर्देश दिया। वॉलंटियर्स के लिए पहचान पत्र और निर्धारित ड्रेस कोड रखने को कहा गया है। पंडालों में सूचनाएं देने और भीड़ को निर्देशित करने के लिए पब्लिक एड्रेस सिस्टम की व्यवस्था भी अनिवार्य रूप से करने को कहा गया।

नगर परिषद को प्रतिमा विसर्जन वाले स्थलों का निरीक्षण कर जोखिम वाले हिस्सों को डेंजर जोन के रूप में चिह्नित करने की जिम्मेदारी दी गई। इन स्थानों पर पर्याप्त रोशनी और गोताखोरों की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश हैं। नगर क्षेत्र में नियमित सफाई के साथ आवश्यकता के अनुसार पानी के टैंकर, चलंत शौचालय और डस्टबिन उपलब्ध कराने को भी कहा गया।

स्वास्थ्य विभाग को जरूरत के मुताबिक मेडिकल टीम और स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध करानी होंगी। विद्युत विभाग को पूजा पंडालों की वायरिंग और कनेक्शन की जांच करते हुए सुरक्षित तथा निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने का निर्देश मिला है। पंडालों में अग्निशमन उपकरण रखने और निर्धारित सुरक्षा मानकों का पालन कराने पर भी जोर दिया गया।

पुलिस अधीक्षक सादिक अनवर रिजवी ने पंडालों में प्रवेश और निकास के लिए अलग-अलग रास्ते रखने तथा वॉलंटियर्स के मोबाइल नंबर प्रमुखता से प्रदर्शित करने को कहा। कार्यक्रमों के अनुसार यातायात व्यवस्था में बदलाव किया जाएगा। प्रशासन ने पूजा समितियों से पुलिस और संबंधित विभागों के साथ समन्वय बनाकर शांतिपूर्ण आयोजन सुनिश्चित करने की अपील की है।