देवघर जिले के सारठ प्रखंड में सखी मंडल की दीदियों का ई-केवाईसी एक सप्ताह के भीतर शत-प्रतिशत पूरा करने का निर्देश दिया गया है। प्रखंड मुख्यालय स्थित जेएसएलपीएस कार्यालय में हुई समीक्षा बैठक में अब तक हुए सत्यापन की स्थिति पर चर्चा की गई और संबंधित कर्मियों को तय अवधि में बाकी काम पूरा करने को कहा गया।
बैठक की अध्यक्षता जेएसएलपीएस के बीपीएम बिधु शेखर झा ने की। इसमें एमआईएस पदाधिकारी, क्लस्टर लेवल फेडरेशन यानी सीएलएफ के प्रतिनिधि, कैडर कार्यकर्ता और लेखापाल शामिल हुए। बैठक का मुख्य विषय सखी मंडलों से जुड़ी महिलाओं के ई-केवाईसी की प्रगति और लंबित सत्यापन था।
समीक्षा में बताया गया कि सारठ प्रखंड में कुल 16,947 दीदियां सखी मंडल से जुड़ी हैं। इनमें 9,128 दीदियों का ई-केवाईसी पूरा हो चुका है। यह कुल लक्ष्य का 53.86 प्रतिशत है। लगातार निगरानी के बावजूद करीब आधा काम लंबित रहने पर प्रक्रिया की रफ्तार बढ़ाने की जरूरत बताई गई।
यह ई-केवाईसी राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के निर्देश पर कराया जा रहा है। प्रक्रिया के तहत संबंधित दीदियों के बैंक खाते और आधार का सत्यापन किया जाना है। इसके साथ फेस वेरिफिकेशन भी ई-केवाईसी का हिस्सा है। इन तीनों स्तरों पर आवश्यक सत्यापन पूरा होने के बाद प्रक्रिया पूर्ण मानी जाएगी।
बीपीएम ने सभी सीएलएफ और संबंधित कर्मियों से इस काम को अभियान के रूप में लेने को कहा। उन्हें एक सप्ताह की समयसीमा देते हुए शेष सभी दीदियों का सत्यापन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया। प्रगति पर नजर रखने के लिए हर दिन किए गए ई-केवाईसी की नियमित निगरानी भी करने को कहा गया है।
बैठक में दीपक कुमार, सूफिया मिर्जा, अनुराधा कुमारी, अलीजा मिर्जा, रजिया खातून और चुमकी पंडित सहित सखी मंडल से जुड़ी कई दीदियां उपस्थित थीं। अब सीएलएफ और क्षेत्रीय कर्मियों के सामने निर्धारित समय में शेष ई-केवाईसी पूरा करने का लक्ष्य है।