हजारीबाग जोन में मानसून के बावजूद जलाशयों की स्थिति चिंता बढ़ा रही है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, जोन के 17 जलाशयों में अब तक पानी पर्याप्त स्तर तक नहीं भर पाया है। इसका असर आने वाले कृषि सीजन, खासकर रबी फसल की तैयारी पर पड़ सकता है।
रिपोर्ट में बताया गया है कि इन जलाशयों में आधे से अधिक डैम 70 प्रतिशत जलस्तर से नीचे हैं। यह स्थिति इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि रबी फसल के समय सिंचाई के लिए जलाशयों पर निर्भरता बढ़ जाती है। पानी कम रहने पर किसानों की तैयारी और खेतों तक पानी पहुंचाने की व्यवस्था प्रभावित हो सकती है।
कुछ बांधों में जलस्तर 60 प्रतिशत से भी कम बताया गया है। ऐसे जलाशयों की स्थिति को अधिक चिंताजनक माना जा रहा है। मानसून के दौरान जलाशयों में भराव सामान्य रूप से आगे की खेती और स्थानीय जल जरूरतों के लिए आधार तैयार करता है।
हजारीबाग जोन से जुड़ी यह जानकारी कृषि क्षेत्र के लिए सार्वजनिक महत्व की है। जलाशयों में कम पानी रहने से रबी फसल पर खतरे की आशंका जताई गई है। हालांकि, अभी उपलब्ध विवरण में किसी विशेष बांध, प्रखंड या फसल को लेकर अलग से आंकड़ा नहीं दिया गया है।
फिलहाल मुख्य तथ्य यही है कि 17 जलाशयों में पानी का स्तर अपेक्षित भराव तक नहीं पहुंचा है। आधे से अधिक डैम 70 प्रतिशत से नीचे और कुछ 60 प्रतिशत से कम स्तर पर बताए गए हैं। आने वाले दिनों में जलस्तर की स्थिति किसानों और प्रशासन, दोनों के लिए अहम रहेगी।