सरायकेला-खरसावां जिले के खरसावां प्रखंड संसाधन केंद्र (बीआरसी) का कार्यालय शुक्रवार को निर्धारित समय पर नहीं खुला। सुबह 11:18 बजे तक केंद्र के मुख्य द्वार पर ताला लगा रहने से वहां काम करने वाले कर्मचारियों और शिक्षा विभाग के कार्य से पहुंचे शिक्षकों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
कार्यालय बंद देखकर बीआरसी के कुछ कर्मचारी लौटने लगे थे। विभागीय काम कराने पहुंचे शिक्षक भी कार्यालय खुलने का इंतजार करते रहे। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, सुबह करीब 11:30 बजे मुख्य द्वार का ताला खोला गया, जिसके बाद कर्मचारी अपनी सीटों तक पहुंच सके और कार्यालय का काम शुरू हुआ।
बीआरसी समय पर नहीं खुलने की सूचना दूरभाष के माध्यम से सरायकेला के जिला शिक्षा अधीक्षक अमित कुमार को दी गई। शिकायत में कार्यालय के देर से खुलने को राज्य सरकार और शिक्षा विभाग की ओर से निर्धारित व्यवस्था के विपरीत बताया गया।
जिला शिक्षा अधीक्षक ने सूचना मिलने की पुष्टि करते हुए कहा कि मामले को उनके स्तर से देखा जा रहा है। उन्होंने संबंधित अधिकारी से यह स्पष्ट करने को कहा है कि किन परिस्थितियों में कार्यालय तय समय पर नहीं खोला गया। अब मांगे गए स्पष्टीकरण के आधार पर आगे की स्थिति स्पष्ट होगी।
प्रखंड संसाधन केंद्र शिक्षा विभाग के स्थानीय कामकाज से जुड़ा कार्यालय है, जहां कर्मचारियों के साथ विभिन्न कार्यों के लिए शिक्षक भी पहुंचते हैं। ऐसे में कार्यालय के बंद रहने से एक साथ कई लोगों का काम प्रभावित हुआ। हालांकि, उपलब्ध विवरण में यह नहीं बताया गया है कि देरी के कारण कितने काम लंबित रहे या कितने लोग वापस लौटे।
फिलहाल मामले में किसी कार्रवाई की जानकारी नहीं दी गई है। विभागीय स्तर पर कार्यालय देर से खुलने का कारण पूछा गया है। संबंधित अधिकारी का उत्तर मिलने के बाद ही यह सामने आएगा कि शुक्रवार सुबह बीआरसी का ताला समय पर क्यों नहीं खोला गया था।