जेएसएससी सीजीएल परीक्षा मामले में सीआईडी जांच तेज, 11 आरोपी गिरफ्तार

सीआईडी की जांच के अनुसार अभ्यर्थियों को नेपाल और बोकारो के होटलों में सवाल-जवाब याद कराए गए थे। एजेंसी अब तक 11 आरोपियों को गिरफ्तार कर करीब 350 लोगों से पूछताछ कर चुकी है।

2 मिनट पढ़ें 3 बार पढ़ी गई
रांची के नामकुम स्थित झारखंड कर्मचारी चयन आयोग मुख्यालय

झारखंड कर्मचारी चयन आयोग की सितंबर 2024 में आयोजित कंबाइंड ग्रेजुएट लेवल परीक्षा से जुड़े कथित पेपर लीक मामले में सीआईडी की जांच का दायरा बढ़ा है। जांच एजेंसी के मुताबिक, परीक्षा से पहले कुछ अभ्यर्थियों को नेपाल के विराटनगर और बोकारो के होटलों में ठहराकर 120 सवाल और उनके जवाब याद कराए गए थे।

सीआईडी की पड़ताल में दावा किया गया है कि इस काम से जुड़े सिंडिकेट ने अभ्यर्थियों से 12 लाख से 70 लाख रुपये तक लिए। जांच में सामने आए 15 अभ्यर्थियों से करीब 1.80 करोड़ रुपये की वसूली की बात कही गई है। ये विवरण अभी जांच एजेंसी के निष्कर्षों और आरोपों पर आधारित हैं।

मामले में अब तक 11 आरोपियों की गिरफ्तारी हुई है और करीब 350 अभ्यर्थियों तथा संबंधित लोगों से पूछताछ की गई है। पूर्व मार्केटिंग मैनेजर अभय तिवारी की गिरफ्तारी के बाद जांच को नई दिशा मिलने की बात कही गई है। सीआईडी के अनुसार, उसने परीक्षा में 48वीं रैंक हासिल की थी। उसकी पत्नी सुषमा कुमारी और भाई अक्षय तिवारी को भी अनुचित तरीके से परीक्षा पास करने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है।

जांच दल ने रांची के नामकुम स्थित आयोग मुख्यालय में छापेमारी कर ओएमआर शीट, डिजिटल साक्ष्य और दस्तावेज जब्त किए। आयोग के सचिव सुधीर गुप्ता से भी पूछताछ की गई। जांच में साक्ष्य मिलने के बाद राज्य सरकार ने संबंधित एजेंसी द्वारा संचालित परीक्षाओं के परिणाम रोकने और 22 परीक्षाएं रद्द करने की अधिसूचना जारी की।

प्रश्नपत्र की छपाई से जुड़ी कंपनी के संचालक मिथिलेश सिंह, राकेश सिंह और उमाकांत प्रामाणिक की तलाश जारी है। सीआईडी पटना और दिल्ली में छापेमारी कर रही है। अनुबंधित निजी एजेंसी के दो कर्मचारियों, सोमांश प्रकाश और राहुल कुमार, को गिरफ्तार किए जाने की जानकारी भी दी गई है।

नेपाल में अभ्यर्थियों के ठहरने की व्यवस्था से जुड़े बताए गए पांच एजेंटों की भी तलाश की जा रही है। जांच अधिकारी प्रतिदिन 20 अभ्यर्थियों को समन भेजकर बयान दर्ज कर रहे हैं। कॉल डिटेल रिकॉर्ड और उपलब्ध कागजात के आधार पर पूरे नेटवर्क की कड़ियां जोड़ने की प्रक्रिया जारी है।