झारसुगुड़ा यार्ड कार्य से टाटानगर की कई ट्रेनें रद्द, उत्कल एक्सप्रेस का मार्ग बदलेगा

झारसुगुड़ा पैसेंजर यार्ड में नॉन-इंटरलॉकिंग कार्य के कारण 27 नवंबर से 17 दिसंबर के बीच टाटानगर समेत कई मार्गों की रेल सेवाएं अलग-अलग तारीखों पर प्रभावित रहेंगी।

2 मिनट पढ़ें 7 बार पढ़ी गई
झारखंड24 का पूर्ण लोगो—प्रकाशक की लोगो-मात्र छवि के स्थान पर

जमशेदपुर से रेल यात्रा करने वालों को नवंबर के अंतिम सप्ताह से दिसंबर के मध्य तक अपनी यात्रा की तारीख और ट्रेन की स्थिति जांचनी होगी। झारसुगुड़ा पैसेंजर यार्ड में प्रस्तावित नॉन-इंटरलॉकिंग कार्य के कारण 27 नवंबर से 17 दिसंबर के बीच कई ट्रेनें अलग-अलग दिनों में रद्द रहेंगी। कुछ गाड़ियों का मार्ग बदलेगा, जबकि कुछ का परिचालन सीमित स्टेशनों के बीच किया जाएगा।

रेलवे के अनुसार, टाटानगर-इतवारी-टाटानगर एक्सप्रेस 29 नवंबर तथा एक से 16 दिसंबर तक रद्द रहेगी। टाटानगर से बिलासपुर जाने वाली एक्सप्रेस चार, पांच और सात से 15 दिसंबर तक नहीं चलेगी। वापसी की बिलासपुर-टाटानगर एक्सप्रेस पांच, छह और आठ से 16 दिसंबर के बीच रद्द रखी जाएगी।

कार्य का असर दूसरी लंबी दूरी की ट्रेनों पर भी पड़ेगा। चर्लपल्ली-दरभंगा एक्सप्रेस 28 नवंबर तथा पांच, आठ और 12 दिसंबर को रद्द रहेगी। विपरीत दिशा की दरभंगा-चर्लपल्ली एक्सप्रेस एक, आठ, 11 और 15 दिसंबर को नहीं चलेगी। तिरुपति-रक्सौल, बिलासपुर-बक्सर, मालदा टाउन-सूरत, कामाख्या-एलटीटी, हटिया-पुणे और हटिया-दुर्ग एक्सप्रेस भी तय तारीखों पर रद्द रहेंगी।

योगनगरी ऋषिकेश-पुरी उत्कल एक्सप्रेस 28 नवंबर, पांच दिसंबर और सात से 14 दिसंबर तक ईब, झारसुगुड़ा रोड, संबलपुर सिटी, अंगुल और कटक के रास्ते चलाई जाएगी। वापसी में पुरी-ऋषिकेश उत्कल एक्सप्रेस छह से 15 दिसंबर तक परिवर्तित मार्ग से चलेगी।

आरा-दुर्ग साउथ बिहार एक्सप्रेस 28 नवंबर और चार से 15 दिसंबर तक राउरकेला स्टेशन पर यात्रा समाप्त करेगी। इस अवधि में उसका राउरकेला से दुर्ग के बीच परिचालन नहीं होगा। दुर्ग-आरा साउथ बिहार एक्सप्रेस 29 नवंबर से 16 दिसंबर तक राउरकेला से ही रवाना होगी।

इसके अतिरिक्त, 14 दिसंबर को पुणे से खुलने वाली आजाद हिंद एक्सप्रेस दो घंटे की देरी से रवाना होगी। बदलावों का प्रभाव टाटानगर के साथ राउरकेला, झारसुगुड़ा, बिलासपुर और इतवारी की दिशा में आने-जाने वाले यात्रियों पर पड़ेगा। अलग-अलग ट्रेनों के लिए प्रभावित तारीखें भिन्न होने के कारण यात्रियों को कार्यक्रम बनाते समय संबंधित सेवा की तिथि पर ध्यान देना होगा।