नावाडीह में आवासीय विद्यालय की मांग पर पांचवें दिन भूख हड़ताल समाप्त

पलामू पंचायत में नेतरहाट की तर्ज पर आवासीय विद्यालय बनाने की मांग को लेकर चल रही भूख हड़ताल लिखित आश्वासन के बाद समाप्त हुई। निर्माण से पहले वन विभाग की एनओसी जरूरी होगी।

2 मिनट पढ़ें 3 बार पढ़ी गई
झारखंड24 का पूर्ण लोगो—प्रकाशक की लोगो-मात्र छवि के स्थान पर

बोकारो जिले के नावाडीह में नेतरहाट की तर्ज पर आवासीय विद्यालय के निर्माण की मांग को लेकर चल रही अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल मंगलवार को पांचवें दिन समाप्त हो गई। नावाडीह अंचल कार्यालय के पास आंदोलन कर रहे लोगों ने लिखित आश्वासन मिलने के बाद हड़ताल वापस ली। मांग थी कि प्रस्तावित विद्यालय का निर्माण ऊपरघाट क्षेत्र की पलामू पंचायत में ही कराया जाए।

लिखित आश्वासन के अनुसार वन विभाग से अनापत्ति प्रमाणपत्र मिलने के बाद विद्यालय पलामू पंचायत की चिह्नित जमीन पर बनाया जाएगा। इसके लिए खाता संख्या 60 और प्लॉट संख्या 566 का उल्लेख किया गया है। वन विभाग के पदाधिकारी संदीप शिंदे ने आंदोलनकारियों को भरोसा दिया कि एनओसी से जुड़ी प्रक्रिया में विभाग अपने स्तर से सहयोग करेगा।

उपलब्ध विवरण के मुताबिक प्रस्तावित स्थल मौजा बड़कीकुड़ी और थाना संख्या 21 के अंतर्गत आता है। संबंधित भूखंड का कुल रकबा 21.50 एकड़ बताया गया है। इसमें 16 एकड़ जमीन गैरमजरूआ खास और परती कदीम किस्म की है। भूमि अभिलेख और वन विभाग के नक्शे के बीच अंतर के कारण मंजूरी की प्रक्रिया महत्वपूर्ण हो गई है।

वन विभाग के डीमार्केशन रजिस्टर में 4.40 एकड़ भूमि अधिसूचित दर्ज होने की बात कही गई है, जबकि विभागीय नक्शे में करीब 17 एकड़ क्षेत्र चिह्नित बताया गया। इसी विसंगति के कारण वन स्वीकृति का प्रश्न सामने आया है। बैठक में यह भी बताया गया कि ऐसी स्थिति में केंद्र सरकार से फॉरेस्ट क्लीयरेंस लेना विधिसम्मत होगा और इसमें समय लग सकता है।

झामुमो के केंद्रीय सदस्य अखिलेश महतो उर्फ राजू महतो ने कहा कि उनके पिता एवं दिवंगत शिक्षा मंत्री जगरनाथ महतो ऊपरघाट को शिक्षा के क्षेत्र में केंद्र के रूप में विकसित करना चाहते थे। उन्होंने बताया कि लहिया में ओबीसी आवासीय विद्यालय का निर्माण लगभग पूरा हो चुका है और अब पलामू पंचायत में प्रस्तावित विद्यालय के निर्माण की दिशा में आगे बढ़ने की अपेक्षा है।

हड़ताल समाप्त कराने और आश्वासन की प्रक्रिया के दौरान एसडीओ मनोज कुमार, सीओ अभिषेक कुमार, बीडीओ प्रशांत कुमार हेम्ब्रम और प्रमुख पूनम देवी समेत प्रशासनिक, राजनीतिक तथा स्थानीय प्रतिनिधि उपस्थित रहे। फिलहाल विद्यालय निर्माण की अगली प्रगति वन विभाग की एनओसी और भूमि संबंधी विसंगति के समाधान पर निर्भर करेगी।