पाकुड़ बीएड कॉलेज में आपदा जोखिम न्यूनीकरण पर जागरूकता कार्यक्रम, 80 युवा हुए शामिल

अंतरराष्ट्रीय आपदा जोखिम न्यूनीकरण दिवस पर आयोजित कार्यक्रम में युवाओं को आपात स्थिति की तैयारी, सुरक्षित व्यवहार और सामुदायिक सहयोग का महत्व बताया गया।

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पाकुड़ बीएड कॉलेज में आपदा जोखिम न्यूनीकरण जागरूकता कार्यक्रम में उपस्थित युवा

पाकुड़ बीएड कॉलेज में मंगलवार को अंतरराष्ट्रीय आपदा जोखिम न्यूनीकरण दिवस के अवसर पर युवाओं के लिए जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। मेरा युवा भारत की ओर से हुए इस आयोजन में 80 प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया और आपदाओं से बचाव तथा पूर्व तैयारी से जुड़ी जानकारी प्राप्त की।

कार्यक्रम में आपातकालीन परिस्थितियों के दौरान सुरक्षित व्यवहार पर विशेष ध्यान दिया गया। प्रतिभागियों को बताया गया कि किसी आपदा के समय सही जानकारी और समय पर उठाए गए कदम नुकसान को कम करने में सहायक हो सकते हैं। युवाओं को सुरक्षा एवं बचाव के प्रति समाज में जागरूकता बढ़ाने के लिए भी प्रेरित किया गया।

कॉलेज के प्राचार्य संजय कुमार ने जागरूकता, सतर्कता और सामूहिक भागीदारी को आपदा से होने वाली क्षति घटाने के लिए महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने युवाओं से आपदा प्रबंधन संबंधी जानकारी हासिल करने और इसे अपने आसपास के लोगों तक पहुंचाने की अपील की।

एनएसएस के नोडल पदाधिकारी शंकर कुमार ने युवाओं की सामाजिक जिम्मेदारी और समुदाय के बीच सहयोग की भूमिका पर चर्चा की। उन्होंने कहा कि संकट की स्थिति में सही सूचना, त्वरित प्रतिक्रिया और विभिन्न लोगों के बीच समन्वय से जान-माल की क्षति कम करने में मदद मिल सकती है।

मेरा युवा भारत के कार्यक्रम लेखा सहायक चंदन कुमार ने बाढ़, भूकंप और आग जैसी आपदाओं का उल्लेख करते हुए आवश्यक सुरक्षा उपायों की जानकारी रखने पर जोर दिया। उन्होंने युवाओं से स्वयं सतर्क रहने के साथ अपने आसपास के लोगों को भी बचाव के तरीकों के प्रति जागरूक करने को कहा।

कार्यक्रम में कार्यालय सहायक नूर आलम, यूथ क्लब के अध्यक्ष प्रिंस कुमार और राष्ट्रीय स्वयंसेवक नजमीन समेत पाकुड़ बीएड कॉलेज के छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे। आयोजन का केंद्र आपदा से पहले तैयारी, आपात स्थिति में सुरक्षित आचरण और सामुदायिक स्तर पर सहयोग की समझ विकसित करना रहा।