पश्चिमी सिंहभूम के बड़ाजामदा क्षेत्र में दुर्गा पूजा के दौरान भारी वाहनों का परिचालन पूरी तरह बंद रहेगा। पूजा आयोजन के समय शांति, सुरक्षा और यातायात व्यवस्था बनाए रखने के लिए थाना परिसर में हुई शांति समिति की बैठक में यह निर्णय लिया गया। विभिन्न पूजा समितियों को प्रशासन की ओर से जरूरी दिशा-निर्देश भी दिए गए हैं।
बैठक की अध्यक्षता किरीबुरू के एसडीपीओ विनीत कुमार किंडो और इंस्पेक्टर समीर तिर्की ने की। अधिकारियों ने आयोजन से जुड़ी समितियों के साथ क्षेत्र की व्यवस्था पर चर्चा की। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, बड़ाजामदा थाना क्षेत्र में इस बार छह स्थानों पर दुर्गा पूजा आयोजित की जाएगी।
पूजा पंडाल फुटबॉल मैदान, भट्टीसाई, मुखर्जी गैरेज, बड़ाजामदा रेलवे स्टेशन और थाना परिसर के दो स्थानों पर बनाए जाएंगे। अलग-अलग जगह आयोजन होने के कारण समितियों को सुरक्षा संबंधी तैयारी समय पर पूरी करने को कहा गया है। भारी वाहनों पर रोक भी पूजा अवधि में यातायात को व्यवस्थित रखने की योजना का हिस्सा है।
पुलिस प्रशासन ने पूजा पंडालों में डीजे बजाने की अनुमति नहीं दी है। सामान्य साउंड सिस्टम का उपयोग किया जा सकेगा, लेकिन उसे रात 10 बजे तक बंद करना अनिवार्य होगा। पंडालों में केवल भक्ति गीत बजाने का निर्देश भी दिया गया है। आयोजकों को इन शर्तों का पालन सुनिश्चित करने को कहा गया है।
सुरक्षा के लिए प्रत्येक पूजा पंडाल में सीसीटीवी कैमरे लगाने का निर्देश दिया गया है। इसके साथ ही आग से बचाव की व्यवस्था के तहत पर्याप्त मात्रा में बालू और पानी उपलब्ध रखना होगा। इन तैयारियों की जिम्मेदारी संबंधित पूजा समितियों को दी गई है, ताकि आयोजन के दौरान किसी आपात स्थिति में तत्काल कदम उठाया जा सके।
बैठक में तय कार्यक्रम के अनुसार बड़ाजामदा में 20 अक्टूबर को रावण दहन किया जाएगा। दुर्गा प्रतिमाओं का विसर्जन अगले दिन 21 अक्टूबर को होगा। प्रशासन ने आयोजन समितियों से निर्धारित नियमों के अनुरूप कार्यक्रम संपन्न कराने और पूरे पूजा काल में शांति एवं सार्वजनिक व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग करने को कहा है।