रांची जिले के विभिन्न थानों और ओपी में आयोजित जन शिकायत समाधान कार्यक्रम में पुलिस को कुल 236 शिकायतें और आवेदन मिले। इनमें से 184 मामलों का उसी दिन निपटारा कर दिया गया। गंभीर प्रकृति की 10 शिकायतों में प्राथमिकी दर्ज कर आगे की जांच शुरू की गई है।
कार्यक्रम का उद्देश्य नागरिकों की समस्याएं सीधे सुनना, पुलिस और आम लोगों के बीच समन्वय बेहतर करना तथा शिकायतों के समाधान में होने वाली देरी कम करना था। इसमें वरीय पुलिस अधिकारियों, पुलिस उपाधीक्षकों और संबंधित थाना प्रभारियों ने हिस्सा लिया। अधिकारियों ने फरियादियों से बातचीत कर उनके आवेदन और उपलब्ध तथ्यों को देखा।
पुलिस की प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, कार्यक्रम में जमीन विवाद, छेड़खानी, चोरी और मारपीट से संबंधित शिकायतें भी सामने आईं। संवेदनशील माने गए मामलों में वरीय पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर संबंधित थानों में कुल 10 प्राथमिकी दर्ज की गईं। पुलिस ने इन मामलों में अनुसंधान शुरू कर दिया है।
पुलिस ने बताया कि बाकी लंबित आवेदनों की भी जांच की जा रही है, ताकि उनका नियमानुसार समाधान किया जा सके। कार्यक्रम में शिकायतों के त्वरित निष्पादन के साथ उन मामलों की पहचान पर भी जोर रहा जिनमें प्राथमिकी और विस्तृत जांच आवश्यक थी।
थानावार आंकड़ों के मुताबिक, सुखदेवनगर थाना में 12 शिकायतें आईं और आठ का निपटारा हुआ। सदर थाना में प्राप्त नौ आवेदनों में छह तथा डोरंडा थाना के आठ मामलों में सात का समाधान किया गया। पुंदाग थाना में आई सभी सात शिकायतों का निष्पादन हुआ।
लोअर बाजार थाना और पंडरा ओपी में भी कार्यक्रम के दौरान प्राप्त सभी शिकायतों के समाधान की जानकारी दी गई है। जिला पुलिस के मुताबिक, इस पहल का प्रमुख लक्ष्य थानों तक पहुंचने वाले लोगों की समस्याओं को प्राथमिकता से सुनना और उपलब्ध तथ्यों के आधार पर समयबद्ध कार्रवाई करना है।