सिमडेगा जिले के बांसजोर स्थित एसएस प्लस टू हाई स्कूल की शिक्षिका पूनम खलखो को राज्य स्तरीय सर्वश्रेष्ठ शिक्षक सम्मान से सम्मानित किया गया है। उन्हें शिक्षा के क्षेत्र में समर्पण, मेहनत और उत्कृष्ट शिक्षण कार्य के लिए यह सम्मान मिला। वह विद्यालय में इतिहास विषय पढ़ाती हैं।
उपलब्ध विवरण के अनुसार, पूनम खलखो ने सीमित संसाधनों और कई चुनौतियों के बीच अपनी पढ़ाई जारी रखी थी। लगातार परिश्रम के बाद उन्होंने शिक्षक बनने का लक्ष्य हासिल किया। विद्यार्थी जीवन में सामने आई कठिनाइयों ने उन्हें बच्चों की जरूरतों के प्रति अधिक संवेदनशील और जिम्मेदार बनाया।
विद्यालय में उन्होंने विद्यार्थियों की पढ़ाई बेहतर करने के लिए नियमित प्रयास किए हैं। इतिहास विषय में उनके विद्यार्थियों का परिणाम विशेष रूप से उल्लेखनीय रहा है। पिछले तीन वर्षों के दौरान कक्षा 11वीं और 12वीं में उनके विषय का कोई भी विद्यार्थी अनुत्तीर्ण नहीं हुआ।
उनकी कार्यशैली में विद्यार्थियों पर व्यक्तिगत ध्यान देना भी शामिल है। वह विषय को सरल तरीके से समझाने के साथ पढ़ाई में कमजोर विद्यार्थियों को अतिरिक्त सहयोग देती हैं। नियमित शिक्षण और जरूरत के अनुसार मदद को विद्यार्थियों के बेहतर परिणाम से जोड़कर देखा गया है।
पूनम खलखो इतिहास की पढ़ाई को केवल निर्धारित पाठ्यक्रम तक सीमित नहीं रखतीं। वह विद्यार्थियों को ऐतिहासिक विषयों को समाज, संस्कृति और वर्तमान परिस्थितियों से जोड़कर समझने के लिए प्रेरित करती हैं। इससे बच्चों को विषय के तथ्यों के साथ उसके व्यापक संदर्भ को समझने का अवसर मिलता है।
राज्य स्तरीय सम्मान ने बांसजोर की इस शिक्षिका के शैक्षणिक योगदान को पहचान दी है। उनका अनुभव बताता है कि चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों से निकलकर शिक्षक बनीं पूनम खलखो अब नियमित मार्गदर्शन, सरल शिक्षण और अतिरिक्त सहयोग के माध्यम से विद्यार्थियों की पढ़ाई मजबूत करने में जुटी हैं।