सरायकेला-खरसावां जिले के कुचाई प्रखंड में रबी फसलों का उत्पादन बढ़ाने के उद्देश्य से 50 किसानों के बीच सरसों बीज वितरित किया गया। प्रखंड मुख्यालय स्थित आत्मा भवन में एनएमईओएस योजना के तहत आयोजित कार्यक्रम में जनप्रतिनिधियों और कृषि विभाग से जुड़े अधिकारियों ने संयुक्त रूप से किसानों को बीज उपलब्ध कराया।
कार्यक्रम का उद्देश्य किसानों को रबी मौसम में उपलब्ध खेतों का बेहतर उपयोग करने और खेती से अतिरिक्त आमदनी प्राप्त करने के लिए प्रोत्साहित करना था। किसानों से कहा गया कि धान की कटाई के बाद खाली पड़ी जमीन पर सरसों की खेती की जा सकती है। इससे एक ही खेत में अलग-अलग मौसम की फसलें लेने का अवसर मिलेगा।
बीटीएम राजेश कुमार ने उपस्थित किसानों को सरसों की उन्नत खेती से जुड़ी तकनीकी जानकारी दी। उन्होंने समय पर बुवाई, खेत की तैयारी, बुवाई से पहले बीज उपचार और संतुलित मात्रा में उर्वरक इस्तेमाल करने की प्रक्रिया समझाई। फसल को कीटों और रोगों से बचाने के उपायों पर भी चर्चा की गई।
कार्यक्रम में बताया गया कि वैज्ञानिक पद्धति और उचित कृषि प्रबंधन अपनाने से किसान सीमित लागत में उत्पादन बेहतर कर सकते हैं। सांसद प्रतिनिधि मानसिंह मुंडा ने पारंपरिक खेती के साथ आधुनिक तकनीक को अपनाने पर जोर देते हुए सरसों को अतिरिक्त आय का एक विकल्प बताया।
जिला परिषद सदस्य जींगी हेंब्रम और प्रखंड प्रमुख गुड्डी देवी ने किसानों से सरकारी कृषि योजनाओं का अधिक लाभ लेने की अपील की। विधायक प्रतिनिधि भरत सिंह मुंडा ने योजनाओं को गांव के अंतिम किसान तक पहुंचाने की जरूरत बताई। कार्यक्रम में पंचायत समिति सदस्य, मुखिया, अन्य जनप्रतिनिधि और किसान भी मौजूद रहे।