केतार प्रखंड में 43 स्थानों पर दुर्गा पूजा, गांवों में रामलीला और सांस्कृतिक कार्यक्रम

गढ़वा के केतार प्रखंड में शारदीय नवरात्र के दौरान मंदिरों और पूजा पंडालों में अनुष्ठान हो रहे हैं। विभिन्न गांवों में रामलीला समेत सांस्कृतिक कार्यक्रम भी आयोजित किए जा रहे हैं।

2 मिनट पढ़ें 4 बार पढ़ी गई
केतार प्रखंड में शारदीय नवरात्र के दौरान आयोजित धार्मिक और सांस्कृतिक कार्यक्रम

गढ़वा जिले के केतार प्रखंड में शारदीय नवरात्र को लेकर धार्मिक और सांस्कृतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं। प्रखंड के विभिन्न गांवों में कुल 43 स्थानों पर दुर्गा पूजा का आयोजन किया जा रहा है। मंदिरों और पूजा पंडालों में श्रद्धालु मां दुर्गा की आराधना कर रहे हैं तथा सुख-समृद्धि की कामना के साथ पूजा-अर्चना में भाग ले रहे हैं।

केतार स्थित श्री श्री मां चतुर्भुजी मंदिर में नवरात्र के अवसर पर श्री सतचंडी पाठ शुरू किया गया है। यह पाठ वाराणसी के आचार्य महेंद्र दुबे के नेतृत्व में पांच आचार्यों द्वारा कराया जा रहा है। मंदिर को सजाया गया है और यहां दर्शन तथा पूजा के लिए श्रद्धालु पहुंच रहे हैं।

परसोडीह के महामाया मंदिर सहित प्रखंड के दूसरे पूजा स्थलों पर भी धार्मिक अनुष्ठान चल रहे हैं। परती कुशवानी, पाचाडुमर, केतार, बलिगढ़, मुकुंदपुर, परसोडीह और लोहरगड़ा पंचायत समेत कई क्षेत्रों में पूजा पंडाल बनाए गए हैं। इन स्थानों पर स्थानीय लोग विधि-विधान से दुर्गा पूजा में शामिल हो रहे हैं।

पूजा के साथ गांवों में अलग-अलग सांस्कृतिक प्रस्तुतियां भी आयोजित की जा रही हैं। पाचाडुमर में स्थानीय कलाकार रामलीला का मंचन कर रहे हैं, जबकि खोन्हर गांव में साहू सिंह नाट्य कला की प्रस्तुति हो रही है। जोगियावीर और गम्हरिया गांव में बिरजाभार का आयोजन किया जा रहा है।

विभिन्न धार्मिक स्थलों पर रामायण, महाभारत और दूसरे धार्मिक धारावाहिकों का प्रदर्शन भी किया जा रहा है। केतार के अंबेडकर मोहल्ले में गौतम बुद्ध की जीवनी पर आधारित धारावाहिक दिखाया जा रहा है। कई पूजा पंडालों में आयोजित सांस्कृतिक कार्यक्रमों में ग्रामीणों की भागीदारी देखी जा रही है।

केतार प्रखंड में इस बार पूजा-पाठ के साथ रंगमंच और सामुदायिक कार्यक्रमों का भी समावेश है। अलग-अलग पंचायतों में हो रहे अनुष्ठान, रामलीला और अन्य प्रस्तुतियां स्थानीय स्तर पर नवरात्र के आयोजन को व्यापक स्वरूप दे रही हैं।